समझें ग्रहों का खेल, पाएं देवगुरु बृहस्पति की कृपा दृष्टि, देखें आज का Bhagya Mantra

आज भाग्य मंत्र में गुरुदेव सुरेश श्रीमाली से जानिए कि कैसे ग्रह अपना खेल खेलते हैं? कैसे पाएं देवगुरु बृहस्पति की कृपा दृष्टि?

संसार का हर मनुष्य ग्रहों के अधीन है. यह हम नहीं वेदांग कहते हैं. ग्रह ही हमें सौभाग्य या दुर्भाग्य देते हैं. सफलता या असफलता दिलाने में ग्रह नक्षत्र की अहम भूमिका होती है. जीवन का हर रास्ता, हर मोड़ ग्रहों के संकेत पर निर्भर करता है. यही होता है ग्रहों का खेल.

ग्रहों से तो काल यानि समय भी नहीं बच सकता. समस्त वैशविक घटनाएं ग्रहों के गर्भ से जन्म लेती हैं. ये हम माने न माने, पर ग्रह ही साधक होते हैं और ग्रह ही बाधक होते हैं.

आज भाग्य मंत्र में गुरुदेव सुरेश श्रीमाली से जानिए कि कैसे ग्रह अपना खेल खेलते हैं? कैसे पाएं देवगुरु बृहस्पति की कृपा दृष्टि?