शिवसेना के राजनीतिक उदय के बाद राज ठाकरे के पास परिवार को मजबूत करने का विकल्प

महाराष्ट्र चुनाव के बाद शिवसेना ने जैसे ही राजनीतिक एजेंडा बदला, सियासी गलियारों में यह सवाल गूंजने लगा कि अब राज ठाकरे का भविष्य क्या होगा?

जानिए कौन होता है प्रोटेम स्पीकर? जो तय करेगा महाराष्ट्र में किसकी बनेगी सरकार

सभी पार्टियां प्रोटेम स्पीकर को अपने व्हिप की जानकारी देंगे. ऐसे में कौन से नेता को विधायक दल का नेता माना जाएगा यह फैसला प्रोटेम स्पीकर तय करेगा.

26/11 के 11 साल; जानिए आज के दिन कैसे दहल गई थी मुंबई, हर तरफ चल रही थी गोलियां…

आतंकियों की पांचवी टीम होटल ट्राईडेंट ओबरॉय पहुंची और अचानक अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी. इस गोलीबारी में होटल के 32 मेहमानों की जान चली गई.

संविधान सभा की बैठक का मुस्लिम लीग ने किया था बायकॉट, यूं तैयार हुआ सबसे बड़ा लिखित संविधान

संविधान निर्माण की प्रक्रिया में 2 साल, 11 महीने और 18 दिन लगे. इस काम में लगभग 6.4 करोड़ रुपये खर्च हुए. संविधान के प्रारूप पर कुल 114 दिन बहस हुई.

अजित पवार ने उपमुख्यमंत्री की शपथ लेकर शरद पवार को दिया धोखा या खेल कुछ और?

दरअसल एक वक्त ऐसा था जब लगभग यह तय माना जाने लगा था कि अजित पवार ही शरद पवार के राजनीतिक उत्तराधिकारी होंगे, लेकिन बाद में अजित फ्रेम से बाहर होते गए.

उद्धव ठाकरे नहीं शिवसेना के मैजिक मैन होंगे महाराष्ट्र के अगले सीएम!

महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से पहले सीटों के बंटवारे को लेकर बीजेपी से तकरार हो या फिर चुनाव परिणाम के बाद 50-50 फॉर्मूले का ज़िक्र. शिवसेना की तरफ से हमेशा...

प्रदूषण पर सांसद कितने गंभीर? सदन में चर्चा कम राजनीतिक छींटाकशी ज्यादा, 100 MP भी नहीं थे मौजूद

इस मसले पर चर्चा का नोटिस देने वाले कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने कहा कि प्रदूषण से लड़ने की इच्छाशक्ति नहीं है.

राज्यसभा के मार्शल्स की वर्दी बदलने पर पूर्व आर्मी चीफ को ऐतराज, वेंकैया बोले करेंगे पुनर्विचार

केंद्रीय मंत्री वीके सिंह और भारतीय सेना के पूर्व प्रमुख ने भी कहा कि जो भी किया गया वह गैरकानूनी है.

कालापानी पर नेपाल में प्रदर्शन, पीएम ओली बोले नहीं देंगे एक इंच जमीन, पढ़िए क्यों है विवाद

नेपाल के पीएम केपी ओली ने आगे कहा कि इतने सालों से कालापानी को लेकर खामोश रहे लोग कट्टर देशभक्ति के नाम पर अराजक गतिविधियां चला रहे हैं.

श्रीलंका के नए राष्ट्रपति गोताबेया राजपक्षे की चीन से नजदीकियां, भारत की बढ़ सकती है मुसीबतें

गोताबेया के बड़े भाई महिंदा राजपक्षे के कार्यकाल में श्रीलंका ने चीन में खूब निवेश किया था. 2014 में राजपक्षे ने दो चीनी सबमरीन को उनके वहां खड़ा करने की इजाजत तक दी थी.

श्रीलंका के नए राष्ट्रपति गोताबेया राजपक्षे के बारे में जानें सबकुछ

एलटीटीई के निशाने पर रहे गोताबेया 2006 में संगठन के आत्मघाती हमले में बाल-बाल बचे थे. माना जाता है कि उनका झुकाव चीन की ओर अधिक है.

बागी जज की छवि से ऐतिहासिक जजमेंट तक, जस्टिस रंजन गोगोई का सफरनामा

इस प्रकरण के बाद माना यह जा रहा था कि गोगोई के लिए मुख्य न्यायाधीश बनने का रास्ता बंद हो जाएगा और जस्टिस दीपक मिश्रा केंद्र सरकार के सामने उत्ताराधिकारी के लिए किसी और के नाम की सिफ़ारिश करेंगे.

क्या है सबरीमाला विवाद, जानें कैसे सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया ये मामला?

28 सितंबर, 2018 को सुप्रीम कोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए सबरीमाला मंदिर में सभी महिलाओं के प्रवेश की अनुमति दी थी.

जेएनयू छात्रों का प्रदर्शन 16वें दिन भी जारी, लिस्ट में देखिए कितनी बढ़ी फीस

जेएनयू स्टूडेंट यूनियन ने मानव संसाधन मंत्री रमेश पोखरियाल को यह बात बताई थी कि फीस में बढ़ोतरी का मतलब है कि 40% छात्रों को अपनी शिक्षा आधे में ही छोड़नी पड़ सकती है.

कांग्रेस अपने विधायकों को बचाने के लिए लुटा रही पैसे, इस राजस्‍थानी होटल का बिल जान उड़ जाएंगे होश

सभी विधायकों को जयपुर-दिल्ली हाईवे से 1.5 किलोमीटर दूर 'द बुएना विस्ता रिसॉर्ट' नाम के एक फाइव स्टार रिसॉर्ट में भेजा गया है. जहां वो शोर-शराबे से दूर आराम फरमा रहे हैं.

जानें कौन है वो शिवसेना का ‘मैजिक मैन’ जिसने बदल दिए महाराष्ट्र के सियासी समीकरण

राउत पहले शिवसेना के मुखपत्र 'मार्मिक' में लिखते थे. शिवसेना संस्थापक बालासाहेब ठाकरे उनकी लेखनी के कायल थे. इस वजह से राउत को 90 के दशक की शुरुआत में ही सामना का कार्यकारी संपादक बना दिया गया.

राहुल गांधी, शिवसेना को अच्छे लगने लगे क्योंकि रास्ते की परवाह की तो मंजिल बुरा मान जाएगी

इस ट्वीट पर शिवसेना को कड़ी प्रतिक्रियाओं का सामना करना पड़ रहा है. ट्विटर यूजर्स उन्हें सत्ता का भूखा बता रहे हैं.

आम बीजेपी कार्यकर्ता से प्रधानमंत्री बनने तक, राम मंदिर पर पीएम मोदी का ऐसा रहा सफर

मोदी एक ज़माने में आम बीजेपी कार्यकर्ता के तौर पर इस आंदोलन का हिस्सा रहे थे आज उन्हीं की देखरेख में मंदिर निर्माण की आधारशिला रखी जाएगी.

Ayodhya Verdict: विवादित भूमि को हाई कोर्ट ने 3 हिस्सों में बांटने का दिया था फैसला

संविधान पीठ ने 16 अक्ट्रबर को इस मामले की सुनवाई पूरी की थी. पीठ ने छह अगस्त से लगातार 40 दिन इस मामले में सुनवाई की. राम जन्मभूमि और बाबरी मस्जिद का यह विवाद कई दशकों पुराना है.

अथ श्री अयोध्या कथा| 1885 में दायर हुआ था पहला मुकदमा, जानिए पूरी कहानी

निर्मोही अखाड़े के महंत रघबर दास ने चबूतरे को राम जन्म स्थान बताते हुए भारत सरकार और मोहम्मद असगर के खिलाफ सिविल कोर्ट में पहला मुक़दमा 29 जनवरी 1885 को दायर किया.

अयोध्या पर आज का फैसला अंतिम या आगे भी है कोई रास्ता?

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 30 सितंबर 2010 को विवादित 2.77 एकड़ जमीन को सुन्नी वक्फ बोर्ड, निर्मोही अखाड़ा और राम लला विराजमान के बीच बराबर-बराबर बांटने का आदेश दिया था.

कमलेश तिवारी हत्याकांड: सुलझ गई गुत्थी लेकिन 100 घंटे बाद भी नहीं पकड़े गए दोनों संदिग्ध

हिंदू महासभा के पूर्व नेता कमलेश तिवारी ने वर्ष 2017 जनवरी में ही हिंदू समाज पार्टी की स्थापना की थी. उन्होंने पैगंबर मुहम्मद से जुड़ी विवादास्पद टिप्पणी की थी, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया था.

सावरकर पर शोर के बीच ज़रा अशफ़ाक़ की वो क़ुर्बानी याद कर लें

19 दिसम्बर, 1927 को जिस दिन अशफ़ाक़ को फांसी होनी थी. अशफ़ाक़ ने अपनी जंजीरें खुलते ही बढ़कर फांसी का फंदा चूम लिया और बोले, मेरे हाथ लोगों की हत्याओं से जमे हुए नहीं हैं.

सप्लाई वाटर पीने से ही नहीं छूने से भी लगता है डर, सुनिए क्या कहती है नोएडा की आवाम

आम तौर पर सोसाइटी में रहने वाले लोग पीने के लिए बाहर से पानी मंगाते हैं या फिल्टर करते हैं. वहीं घर के काम-काज और खाना बनाने के लिए सप्लाई वाटर का प्रयोग करते हैं. हाल के दिनों में स्थिति इतनी भयावह हो गई है कि पीना-खाना तो छोड़िए हाथ...

डॉ. अंबेडकर की राह पर मायावती; पढ़िए, बाबा साहब ने क्यों अपनाया था बौद्ध धर्म?

अंबेडकर ने हिंदू धर्म छोड़ने की घोषणा 1936 में की थी लेकिन धर्म परिवर्तन 1956 में किया. इस बीच उन्होंने सभी धर्मों का अध्ययन किया और फिर अपने हिसाब से श्रेष्ठ धर्म का चयन किया.

किसानों के लिए क्या चाहते थे स्वामीनाथन? हरियाणा चुनाव के बहाने इनेलो ने फिर दिलाई याद

भारत के कृषि पुनर्जागरण ने स्वामीनाथन को 'कृषि क्रांति आंदोलन' के वैज्ञानिक नेता के रूप में पहचान दिलाई.

चीनी राष्ट्रपति से 17वीं बार मिले पीएम मोदी, इतिहास में क्या हुआ था कि बदल गए रिश्ते

इतिहासकार रामचंद्र गुहा ने अपनी प्रसिद्ध किताब ‘इंडिया आफ्टर गांधी’ में उन परिस्तिथियों का जिक्र किया है जिस वजह से नेहरू और तत्कालीन चीनी प्रधानमंत्री चाऊ एन-लाइ की दोस्ती फीकी पड़ने लगी थी.

BJP तो बेगानी, अब अपने भी कर रहे सितम; बिहार में नीतीश कुमार की मुश्किलें नहीं हो रही हैं कम

जेडीयू नेता अजय आलोक ने पार्टी को लगभग धमकी भरे अंदाज़ में कहा है कि पार्टी को अगर उनसे परेशानी है तो उन्हें बाहर निकाल दें.

पटना में सीएम नीतीश के रावण दहन कार्यक्रम से दूरी क्यों, क्या राज्यों में BJP की बदल रही है रणनीति?

बीजेपी ने हाल के दिनों में अपनी रणनीति बदली है. जिन राज्यों में पहले वो नंबर दो या तीन की पार्टी थी वहां पर मोदी लहर का फ़ायदा उठाते हुए...