Amazon और Flipkart समेत ई-कॉमर्स कंपनियों को नोटिस, सरकार ने 15 दिन में मांगा जवाब

Flipkart और Amazon भेजे गये नोटिस के अनुसार वे ई-कॉमर्स यूनिट्स हैं और इसीलिए उन्हें यह सुनिश्चित करना है कि ई-कॉमर्स डील्स के लिए उपयोग होने वाले डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक नेटवर्क पर सभी जरूरी जानकारी दी जाए

amazon-Flipkart
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त्योहारी सीजन में बड़ी बिक्री की उम्मीद लगाए Amazon, Flipkart समेत तमाम ई कॉमर्स कंपनियों को तगड़ा झटका लगा है. केंद्र सरकार ने सभी ई-कॉमर्स कंपनियों को कारण बताओं नोटिस जारी किया है. सरकार ने 15 दिनों की मोहतल देते हुए इन कंपनियों को कहा है कि उनका प्रोडक्ट किस देश में बना है इसका विवरण दे. दरअसल सरकार ने प्रोडक्ट ने ऑरिजन ऑफ कंट्री का नियम 3 महीने पहले ही लागू कर दिया था. ई कॉमर्स कंपनियों से कहा गया था कि वो अपने प्रोडक्ट में इसे जरुर लिखें कि सामान किस देश में बना है. लेकिन अबतक कई कंपनियां इस नियम का पालन नहीं कर रही है. जिसके चलते सरकार ने कारण बताओं नोटिस जारी किया है.

कंपनियों ने अबतक नहीं दी जरुरी सूचना

जून में भारत चीन के सैनिकों की बीच हुई झड़प के बाद सरकार ने इस नियम को लागू किया था. 26 जून को सरकार ने नया नियम लागू करते हुए ई कॉमर्स कंपनियों को साफ निर्देश दिया गया था कि वो प्रोडक्ट पर ऑरिजन ऑफ कंट्री जरुर दिखाएं. लेकिन कंपनियों ने अबतक ये जरुरी सूचना सरकार को मुहैया नहीं कराई है.

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क्या कहा गया है नोटिस में

Flipkart और Amazon भेजे गये नोटिस के अनुसार वे ई-कॉमर्स यूनिट्स हैं और इसीलिए उन्हें यह सुनिश्चित करना है कि ई-कॉमर्स डील्स के लिए उपयोग होने वाले डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक नेटवर्क पर सभी जरूरी जानकारी दी जाए. ,सरकार ने इसे कानून का उल्लंघन माना है. क्योंकि इन कंपनियों की जिम्मेदारी है कि वो सभी नियमों का पालन करें

आत्मनिर्भर अभियान को बढ़ाना मकसद

मोदी सरकार की ओर से आत्मनिर्भर अमिय़ान को बढ़ावा देने के मकसद से बीते कुछ महीनों में कई ठोस फैसले किए गए है. इन फैसलों में टीवी, टायर, एसी के इंपोर्ट पर बैन, चाइनीज एप्स का बैन करना जैसी चीजें शामिल है. वहीं ई-कॉमर्स कंपनियों पर प्रोडक्ट ऑरिजन ऑफ कंट्री का नियम भी इसलिए लागू किया गया है.

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