पेटीएम से लेकर जोमैटो तक, चीन की निगरानी में हैं भारतीय कंपनियां

चीनी कंपनी के डेटाबेस पर 1400 भारतीय कंपनियों की एंट्री हैं. इसमें Nykaa, Uber India, PayU, Flipkart, Zomato, Swiggy के प्रमुख और संस्थापकों  के नाम शामिल हैं.

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पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर तनाव के बीच एक खुलासे में पाया गया है कि चीन भारत के खिलाफ जासूसी की साजिश रच रहा है. इसके तहत बीजिंग भारत के 10,000 से अधिक प्रमुख नागरिकों की जासूसी कर रहा है, जिसमें राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नाम भी शामिल हैं. ये भी पाया गया है कि Nykaa, Uber India, PayU, Flipkart, Zomato और Swiggy जैसी भारतीय कंपनियों पर भी नजर रखी जा रही है.

इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट में पाया गया है कि झेन्हुआ ​​डेटा इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी कंपनी लिमिटेड नाम की एक शेनजेन-बेस्ड कंपनी को चीनी कम्युनिस्ट पार्टी के लिए राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित 10,000 से अधिक प्रमुख नागरिकों की निगरानी का काम सौंपा गया है. कंपनी ‘हाइब्रिड वारफेयर’ और ‘चीनी राष्ट्र के कायाकल्प’ के लिए बड़े डेटा का उपयोग करने में खुद को अग्रणी कहती है.

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रिपोर्ट में दावा किया गया है कि चीन की तरफ से टारगेट किए गए लोगों में देश के होनहार स्टार्टअप्स और ई-कॉमर्स प्लेटफार्मों के फाउंडर, पूंजीपति, इंवेस्टर, डायरेक्टर और चीफ टेक्नोलॉजी ऑफिसर और भारत में स्थित विदेशी इंवेस्टर भी शामिल हैं.

चीनी डेटाबेस पर 1400 भारतीय कंपनियों की एंट्री

झेन्हुआ ​​के डेटाबेस पर 1400 भारतीय कंपनियों की एंट्री हैं. इसमें Nykaa, Uber India, PayU, Flipkart, Zomato, Swiggy के प्रमुख और संस्थापक  के नाम शामिल हैं. कई पेमेंट, एजुकेशन और डिलीवरी एप भी चीन कि निगरानी में हैं. इसके अलावा शहरी ट्रांसपोर्ट सेगमेंट में टेक स्टार्टअप्स और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म भी निगरानी में हैं. Paytm, Razorpay, PhonePe, Pine Labs, Avenues Payments जैसे पेमेंट एप, जिन्होंने IRCTC जैसे व्यापारियों के साथ भागीदारी की है वो भी रडार पर हैं.

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आईआईटी प्रोफेसर्स भी निशाने पर 

डिलीवरी एप जैसे बिगबास्केट, डेली बाजार, जैपफ्रेश, फ्रेश मीट मार्केट, जोमैटो, स्विगी, फूडपांडा, ऑनलाइन मीट डिलीवरी प्लेटफॉर्म और बाइक, B2B डिलीवरी प्लेटफॉर्म भी चीन के निशाने पर हैं. इसके अलावा आईआईटी कानपुर के डायरेक्टर प्रोफेसर अभय करंदीकर और आईआईटी बॉम्बे के प्रोफेसर दीपक बी फाटक, जिनके दुनिया के सबसे सस्ते टैबलेट आकाश को अपग्रेड करने के लिए जाना जाता है, इन पर भी नजर रखी जा रही है.

बता दें झेन्हुआ विशेष रूप से ​​चीनी खुफिया, सैन्य और सुरक्षा एजेंसियों के साथ भी काम करता है.

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