हेमंत करकरे पर दिए प्रज्ञा ठाकुर के बयान को लेकर आपस में भिड़ीं स्वरा-पायल

स्वरा भास्कर का इस तरह बीजेपी को टार्गेट करना पायल रोहतगी को पसंद नहीं, क्योंकि कई मौकों पर पायल को बीजेपी का समर्थन करते हुए देखा गया है.

मुंबई: पूर्व एटीएस चीफ हेमंत करकरे पर दिए प्रज्ञा ठाकुर के विवादित बयान को लेकर बॉलीवुड अभिनेत्री स्वरा भास्कर और पायल रोहतगी ट्विटर पर आपस में भिड़ गई है. यह सिलसिला जब शुरू हुआ जब स्वरा भास्कर ने प्रज्ञा ठाकुर के विवादित बयान पर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) को घेरा.

स्वरा ने अपने ट्विटर पर लिखा, “यह बहुत ही शर्मनाक है. आप सभी देख सकते हैं कि ये बीजेपी के लोग आतंकवाद की आरोपी के पीछे बैठकर ताली बजा रहे हैं, जो कि एक ऐसे व्यक्ति के बारे में झूठ बोल रही है और अपमान कर रही है, जो देश की सेवा करते हुए शहीद हो गए. बीजेपी आपका जवाब नहीं, आपने सही देश भक्ति की मिसाल पेश की है.”

स्वरा भास्कर का इस तरह बीजेपी को टार्गेट करना पायल रोहतगी को पसंद नहीं, क्योंकि कई मौकों पर पायल को बीजेपी का समर्थन करते हुए देखा गया है. पायल कई वीडियो पोस्ट कर चुकी हैं, जिनमें वे बीजेपी के खिलाफ बोलने वालों को आड़े हाथों लेती हैं. वहीं इस बार उनका निशाना स्वरा भास्कर बन गई है.

स्वरा के ट्वीट के रिट्वीट करते हुए पायल ने लिखा, “मैंने माधुरी दिक्षित, वरुण धवन, आलिया भट्ट, करण जौहर को फिल्म ‘कलंक’ में आतंक आरोपी और आर्म्स एक्ट में सजा काट चुके संजय दत्त के साथ काम करते हुए देखा. हमने राजकुमार हिरानी की संजय दत्त पर बनी बायोपिक भी देखी, जिसमें रणबीर कपूर ने उनका किरदार निभाया. बॉलीवुड के इन लोगों के लिए कोई शब्द. तुम कैसे कह सकती हो कि साध्वी झूठ बोल रही है?”

प्रज्ञा ने कही थी ये बात 

प्रज्ञा ने कोलार क्षेत्र के कार्यकर्ताओं से बात करते हुए शुक्रवार कहा था कि ‘उन दिनों वह मुंबई जेल में थीं. जांच आयोग ने सुनवाई के दौरान एटीएस के प्रमुख हेमंत करकरे को बुलाया और कहा कि जब प्रज्ञा के खिलाफ कोई सबूत नहीं है तो उन्हें छोड़ क्यों नहीं देते.’

प्रज्ञा के मुताबिक, इस पर हेमंत ने उनसे कई तरह के सवाल पूछे, जिस पर उन्होंने जवाब दिया कि “यह भगवान जाने.” इस पर करकरे ने कहा था कि “तो, क्या मुझे भगवान के पास जाना होगा?”

‘तेरा सर्वनाश होगा’

प्रज्ञा ने कहा, “उस समय मैंने करकरे से कहा था कि तेरा सर्वनाश होगा, उसी दिन से उस पर सूतक लग गया था और सवा माह के भीतर ही आतंकवादियों ने उसे मार दिया था.”

उन्होंने कहा कि हिदू मान्यता है कि परिवार में किसी का जन्म या मृत्यु होने पर सवा माह का सूतक लगता है. जिस दिन करकरे ने सवाल किए, उसी दिन से उस पर सूतक लग गया था, जिसका अंत आतंकवादियों द्वारा मारे जाने से हुआ.