ट्रेन से टकरा कर गाय की मौत, ‘गौ रक्षकों’ ने लोको-पायलट को भला-बुरा कहा, फिर पीटा

पटरी पर अचानक कूदी एक गाय पर ट्रेन चढ़ गई थी. इसके बाद लोको-पायलट से अभद्रता की गई.

अहमदाबाद: ग्‍वालियर-अहमदाबाद सुपरफास्‍ट ट्रेन के लोको-पायलट की गौ रक्षकों द्वारा तीन अलग-अलग जगह पिटाई की घटना सामने आई है. शिकायत के मुताबिक, पटरी पर कूदी एक गाय पर ट्रेन चढ़ गई थी. इसके बाद सिद्धपुर और मेहसाणा जंक्‍शन के बीच, लोको-पायलट को पीटा गया.

मेहसाणा GRP को मिली शिकायत के अनुसार, शनिवार सुबह सिद्धपुर जंक्‍शन के पास एक गाय अचानक ट्रैक पर आ गई. स्‍टेशनमास्‍टर के लाल सिग्‍नल दिखाने के बावजूद, लोको-पायलट जीए झाला की ट्रेन उससे टकरा गई. इसके बाद झाला ट्रेन से उतरे और नजदीकी स्‍टेशन के स्‍टाफ को खबर कर इंजन से शव हटवाने को कहा.

ट्रेन में बैठे शख्‍स ने दिखाई दबंगई

इसी दौरान ट्रेन में बैठा एक यात्री उतरा और झाला को ‘गाय की हत्‍या’ करने के लिए गालियां देने लगा. खुद को ‘गौ रक्षक’ कहने वाले शख्‍स ने झाला को पीटना शुरू कर दिया. शिकायत के अनुसार, कुछ ही देर में वहां पर करीब 150 गौ-रक्षक जमा हो गए और झाला को धमकाने लगे.

झाला ने अपने वॉकी-टॉकी के जरिए रेलवे पुलिस से संपर्क साधा. टाइम्‍स ऑफ इंडिया से बातचीत में एक रेलवे अधिकारी ने कहा कि “ट्रेन में करीब डेढ़ हजार यात्री सवार थे जो सरस्‍वती नदी पर बने पुल से ठीक पहले रोकी गई थी. पुल पर ट्रेन रोकना सही नहीं होता क्‍योंकि इससे यात्रियों को खतरा था.”

इन्‍हीं लोगों ने झाला को कमली और ऊंझा स्‍टेशनों पर भी परेशान किया. मेहसाणा में जब झाला ने उतरकर पुलिस से मदद लेनी चाही तो फिर उनपर हमला किया गया. इस बार एक पुलिसवाले ने हस्‍तक्षेप किया और आरोपी को मेहसाणा GRP ने कस्‍टडी में ले लिया.

मेहसाणा GRP इंस्‍पेक्‍टर विनोद जायसवाला ने कहा कि आरोपी बिपिनसिंह राजपूत को अरेस्‍ट कर लिया गया है. उसपर IPC की धारा 332, 323, 504 और 506 लगाई गई है.

ये भी पढ़ें

दिल्‍ली-लखनऊ रूट पर दौड़ेगी तेजस एक्‍सप्रेस, प्राइवेट हाथों में जाने वाली देश की पहली ट्रेन!

ट्रेन लेट होने की जांच करने पर छीन ली गई थी नौकरी, 12 साल बाद अदालत ने लौटाया सम्‍मान