अमरनाथ यात्रा के इंतजामों से महबूबा-उमर को ‘दिक्‍कत’, गवर्नर बोले- बर्दाश्‍त करना चाहिए

गवर्नर ने कहा कि 'हाइवे पर यातायात बंद करने का समय सिर्फ दो घंटे कर दिया गया है और लोगों को इसे बर्दाश्‍त करना चाहिए.'

नई दिल्‍ली: अमरनाथ यात्रा के दौरान नेशनल हाइवे पर दो घंटे के प्रतिबंध को लेकर राज्‍यपाल और पूर्व मुख्‍य‍मंत्रियों की राय अलग-अलग है. महबूबा मुफ्ती और उमर अब्‍दुल्‍ला का मानना है कि इससे कश्‍मीरियों को परेशानी हो रही है. गवर्नर सत्‍यपाल मलिक ने कहा है कि इतना तो लोग ‘बर्दाश्‍त’ कर ही सकते हैं.

PDP अध्‍यक्ष व पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती ने रविवार को कहा था कि अमरनाथ यात्रा के इंतजाम से कश्‍मीरियों की जिंदगी प्रभावित हो रही है. उन्‍होंने रिपोर्ट्स से कहा, “अमरनाथ यात्रा सालों से हो रही है लेकिन इस साल किए गए इंतजाम कश्‍मीर की अवाम के खिलाफ हैं. इससे स्‍थानीय लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी पर असर पड़ रहा है. मैं गवर्नर से इसमें दखल देने को कहूंगी.”

अमरनाथ यात्रा के लिए बंद होता है ट्रैफिक

गवर्नर ने कहा है कि ‘हाइवे पर नागरिक यातायात बंद करने का समय सिर्फ दो घंटे कर दिया गया है और लोगों को इसे बर्दाश्‍त करना चाहिए.’ अमरनाथ यात्रियों के लिए बने एक कैंप का दौरान करने पहुंचे मलिक ने कहा, “लोगों को पता है कि इस हाइवे पर क्‍या हुआ है. सिर्फ दो घंटे का ही तो प्रतिबंध है… इतना तो बर्दाश्‍त करना चाहिए.”

बता दें, 1 जुलाई से अमरनाथ यात्रियों की गाड़‍ियां आसानी से गुजर सकें, इसलिए सरकार ने प्रतिदिन 5 घंटे के लिए हाइवे के 96 किलोमीटर लंबे हिस्‍से पर प्रतिबंध लगा दिया था. स्‍थानीय लोगों का कहना है कि इससे दिक्‍कत हो रही हैं. व्‍यापारियों ने कहा है कि पर्यटन प्रभावित होगा.

गवर्नर पर भड़के उमर

नेशनल कॉन्‍फ्रेंस नेता और पूर्व सीएम उमर अब्‍दुल्‍ला ने गवर्नर के बयान पर ट्वीट किया, “ऐसा नहीं है कि हम यात्रियों की सुरक्षा को लेकर चिंतित नहीं. गवर्नर मलिक का प्रशासन पिछले 30 साल में इकलौता ऐसा प्रदर्शन है जिसे यात्रियों को बचाने के लिए हाइवे/रेलवे लाइन बंद करनी पड़ी है और यह अक्षमता और आलस्‍य की पराकाष्‍ठा है.”

ये भी पढ़ें

जवानों के जज्बे को सलाम, देखें कैसे अमरनाथ यात्रियों पर गिरते पत्थरों के सामने चट्टान बन हुए खड़े, VIDEO

अमरनाथ यात्रा शिविर में स्नान करती महिला का वीडियो बना रहा था सिपाही, मामला दर्ज