संत रविदास का मंदिर गिराए जाने के विरोध में तुगलकाबाद में हिंसा, भीम आर्मी चीफ आजाद समेत 90 गिरफ्तार

दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के तुगलकाबाद और उसके आसपास के इलाकों में लोग अतिक्रमण से काफी परेशान थे.

दिल्ली के तुगलकाबाद में संत रविदास का मंदिर गिराए जाने के विरोध में आसपास के इलाकों में बुधवार को बड़े पैमाने पर हिंसा हुई. जिसके बाद भीम आर्मी के चीफ चन्द्रशेखर आजाद समेत कुल 90 लोगों को अब तक गिरफ़्तार किया गया है. भीम आर्मी के चीफ चन्द्रशेखर आजाद पर दंगा फैलाना, सरकारी और निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाना, आगजनी करना और पुलिसकर्मियों पर हमला करने का आरोप है. इस हिंसा में 15 से ज्यादा पुलिसकर्मी भी घायल हो गए. संत रविदास का मंदिर गिराए जाने का विरोध कर रहे लोगों ने दो बाइकों में आग लगा दी जबकि 100 से ज्यादा वाहनों में तोड़फोड़ की. पुलिस ने उग्र प्रदर्शनकारियों पर काबू पाने के लिए उनपर लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े.

वहीं पुलिस का कहना है कि भीम आर्मी के चीफ चंद्रशेखर आजाद ने तुगलकाबाद के रविदास मंदिर को तोड़ने को लेकर जारी विवाद के बीच दिल्ली के जंतर मंतर में रैली करने की अनुमति मांगी थी. उनसे जंतर-मंतर पर रैली की अनुमति नहीं दी गई और रामलीला ग्राउंड में रैली करने के लिए कहा गया.

बुधवार को रैली करने के बाद लोग मार्च करते हुए तुगलकाबाद की तरफ निकल पड़े. हजारों की संख्या में चल रहे लोगों को कई बार समझाया गया लेकिन वे नहीं माने. इसके चलते कई इलाकों में लंबा ट्रैफिक जाम लग गया. कई जगहों पर एम्बुलेंस फंसी रहीं.

जैसे ही प्रदर्शनकारी तुगलकाबाद के नजदीक पहुंचे उन्होंने पुलिस और अर्धसैनिक बलों पर पथराव शुरू कर दिया और फिर वाहनों में तोड़फोड़ करने लगे. उन्होंने कुछ बाइकों में आग लगा दी. पुलिस ने भीड़ को तितर बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और हल्का लाठी चार्ज किया.