Coronavirus से निपटने के लिए केंद्र ने 9 राज्यों को बताए 6 सूत्र, कहा- टेस्टिंग में लाएं तेजी

आंध्र प्रदेश (Andhra Pradesh) में गुरुवार को रिकॉर्ड 7,998 नए पॉजिटिव मामले सामने आए हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) सोमवार ICMR की तीन नई लैब्स का उद्घाटन करेंगे.

कोरोनावायरस संक्रमण (Coronavirus) के बढ़ते मामलों को देखते हुए केंद्र सरकार ने देश के 9 राज्यों को कोरोना टेस्ट में तेजी लाने की सलाह दी गई है, जो वर्तमान में सबसे ज्यादा पॉजिटिव मामलों का सामना कर रहे हैं. शुक्रवार को एक वीडियो लिंक पर तीन घंटे तक चली एक समीक्षा बैठक (Review Meeting) में केंद्र ने आंध्र प्रदेश, बिहार, तेलंगाना, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, असम, कर्नाटक, झारखंड और उत्तर प्रदेश की सरकारों को छह मुख्य मुद्दों पर जोर देने के लिए कहा.

देखिये फिक्र आपकी सोमवार से शुक्रवार टीवी 9 भारतवर्ष पर हर रात 9 बजे

कैबिनेट सचिव राजीव गौबा (Rajiv Gauba) की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में इन राज्यों के मुख्य सचिवों, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों और कोरोनावायरस के खिलाफ तैयार की गई नेशनल टास्क फोर्स के एक्सपर्ट्स ने भाग लिया. महामारी पर काबू पाने के लिए कैबिनेट सचिव ने नौ राज्यों को 6 बातों पर ध्यान देने के लिए कहा-

प्रभावी कदम लागू करने के लिए कहा

कैबिनेट सचिव ने कहा है कि इस महामारी को देश में आए हुए छह महीने हो गए हैं. इसको रोकने के लिए क्या कदम उठाने हैं, इसके बारे में हर किसी को जानकारी है. उन्होंने कहा कि अब इस बात पर ध्यान देना है कि इसे रोकने के लिए प्रभावी कदम कैसे लागू किया जाएं. इसके बाद ही कोरोना संक्रमण को और फैलने से रोका जा सकता है.

क्लीनिकल मैनेजमेंट को मजबूत करने के लिए कहा

जिन 9 राज्यों ने लॉकडाउन लागू किया है उन्हें कंटेनमेंट जोन और सर्विलांस पर भी ध्यान देना होगा. इसके अलावा अस्पताल के बुनियादी ढांचे और क्लीनिकल मैनेजमेंट को भी मजबूत बनाना होगा. उन्होंने यह भी कहा कि केवल लॉकडाउन ही इस समस्या का हल नहीं है. और भी फैसले लेने होंगे और उन पर मेहनत करने की जरूरत है.

अतिरिक्त मेडिकल स्टाफ बुलाने के लिए कहा

केंद्र सरकार ने राज्यों से कहा कि मामलों में लगातार बढ़ोतरी होने से मेडिकल स्टाफ थकान महसूस करने लगेंगे. इसके अलावा केंद्र ने राज्यों से मेडिकल स्टाफ की कमी को दूर करने के लिए रिटायर्ड डॉक्टर्स, MBBS के फाइनल इयर के स्टूडेंट्स और नर्सेस को भी बुलाने के लिए कहा है.

जरूरी सुविधाएं जुटाने के लिए कहा

जिन राज्यों में मेडिकल सुविधाओं में कमी है या कमजोर हैं, उनसे केंद्र ने कहा है कि वे राज्य प्लानिंग पर ज्यादा ध्यान लगाएं. इसके तहत उन्हें यह देखना है कि उनके पास क्या-क्या सुविधाएं मौजूद हैं, जैसे- इलाज के लिए ऑक्सीजन सिलेंडर, टेस्टिंग किट और दवाइयों की कोई कमी न हो. इसी के साथ इस बात का भी ध्यान रखा जाए कि इन जरूरी चीजों की खरीद को लेकर फैसले लेने और उन्हें लागू करने में कोई देरी ना हो.

अन्य राज्यों से सबक लेने के लिए कहा

इसी के साथ केंद्र ने राज्यों से यह भी कहा कि केरल, गोवा और दिल्ली और कर्नाटक जैसे राज्यों से यह सबक सीखने की जरूरत है कि हालात कैसे अचानक बदल सकते हैं. बता दें कि कर्नाटक में पिछले दो हफ्तों से अचानक कोरोना संक्रमण के मामलों में भारी वृद्धि देखने को मिल रही है.

आम जनता से जुड़े रहने के लिए कहा

केंद्र ने राज्य सरकारों से आम लोगों से लगातार जुड़े रहने और उनसे बातचीत करने के लिए भी कहा. केंद्र ने कहा कि आम जनता को लगातार इस महामारी को लेकर जागरूक करने की जरूरत है और उन्हें कोरोना से निपटने के उपाय के बारे में बताया जाना चाहिए.

PM मोदी करेंगे तीन नई लैब्स का उद्घाटन

मालूम हो कि आंध्र प्रदेश में गुरुवार को रिकॉर्ड 7,998 नए पॉजिटिव मामले सामने आए हैं. इसी के साथ बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) सोमवार, 27 जुलाई को एक वीडियो लिंक के जरिए नोएडा, कोलकाता और मुंबई में भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) की तीन नई लैब्स का उद्घाटन करेंगे जिसमें संबंधित तीनों राज्यों के मुख्यमंत्री भाग लेंगे.

देखिये परवाह देश की सोमवार से शुक्रवार टीवी 9 भारतवर्ष पर हर रात 10 बजे

Related Posts