कोरोना से पैदा हुए हालात का फायदा उठाने की फिराक में था चीन, LAC पर पैनी नजर रख रहा अमेरिका

अमेरिकी रक्षा मंत्री मार्क एस्पर ने दोनों देशों के बीच तनाव पर पूछे गए एक सवाल के जवाब में कहा, "हम भारत और चीन के बीच स्थिति की, LAC पर जो कुछ हो रहा है उसकी बहुत करीब से निगरानी कर रहे हैं और हमें यह देख कर अच्छा लगा कि दोनों पक्ष तनाव घटाने की कोशिश कर रहे हैं."
India China Border tension, कोरोना से पैदा हुए हालात का फायदा उठाने की फिराक में था चीन, LAC पर पैनी नजर रख रहा अमेरिका

अमेरिकी रक्षा मंत्री मार्क एस्पर ने मंगलवार को कहा कि वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर भारत और चीन के बीच स्थिति की अमेरिका बहुत करीब से निगरानी कर रहा है. इसी दौरान एस्पर ने चीनी सैन्य गतिविधियों को क्षेत्र को अस्थिर करने वाला बताया. अमेरिकी रक्षा मंत्री ने पूर्वी लद्दाख और दक्षिण चीन सागर में चीन की सैन्य आक्रमकता फिर से बढ़ने के बीच एक सुरक्षा बैठक को संबोधित करते हुए यह कहा.

देखिये फिक्र आपकी सोमवार से शुक्रवार टीवी 9 भारतवर्ष पर हर रात 9 बजे

एस्पर ने दोनों देशों के बीच तनाव पर पूछे गए एक सवाल के जवाब में कहा, “हम भारत और चीन के बीच स्थिति की, LAC पर जो कुछ हो रहा है उसकी बहुत करीब से निगरानी कर रहे हैं और हमें यह देख कर अच्छा लगा कि दोनों पक्ष तनाव घटाने की कोशिश कर रहे हैं.”

एक तरफ जहां अमेरिकी रक्षा मंत्री ने LAC पर करीब से निगरानी की बात कही, वहीं दूसरी तरफ अमेरिकी प्रतिनिधि सभा ने राष्ट्रीय रक्षा प्राधिकरण अधिनियम (NDAA) में संशोधन को सर्वसम्मति से पारित कर दिया है, इसमें गलवान घाटी में भारत के खिलाफ चीन की आक्रामकता और दक्षिण चीन सागर जैसे विवादित क्षेत्रों और आसपास के इलाकों में चीन की बढ़ती दबंगई पर निशाना साधा गया है.

कोरोना की तरफ ध्यान बंटा कर चीन ने किया भारतीय क्षेत्र पर कब्जा

भारतीय अमेरिकी सांसद एमी बेरा के साथ मिलकर कांग्रेस सदस्य स्टीव शैबेट ने NDAA संशोधन सोमवार को पेश किया. इसमें कहा गया है कि भारत और चीन को LAC के पास तनाव कम करने के लिए काम करना चाहिए. इसी के साथ संशोधन में कहा है कि चीन ने कोरोनावायरस की तरफ ध्यान बंटा कर भारत के क्षेत्र पर कब्जा करने की कोशिश के साथ ही दक्षिण चीन सागर में अपना क्षेत्रीय दावा मजबूत करने की कोशिश की है.

मालूम हो कि भारत और चीन की सेना के बीच पूर्वी लद्दाख में LAC के पास कई इलाकों में 5 मई से गतिरोध जारी है. गलवान घाटी में पिछले महीने हुई हिंसक झड़प के बाद स्थिति बिगड़ गई थी, जिसमें 20 भारतीय सैन्यकर्मी शहीद हो गए थे.

Related Posts