कमलनाथ के करीबियों पर IT Raid, अश्विन शर्मा के घर CRPF-MP पुलिस में टकराव, देखें VIDEO

CRPF और MP पुलिस अधिकारियों के बीच टकराव उस समय बढ़ गया जब अश्विन शर्मा जिस काम्‍प्‍लेक्‍स में रहते हैं, वहां जब भोपाल पुलिस के दो एसपी अंदर जाने का प्रयास कर रहे थे, तभी केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के अधिकारियों ने उन्‍हें रोका.

भोपाल/इंदौर: इनकम टैक्‍स डिपार्टमेंट ने रविवार को मध्‍य प्रदेश के सीएम कमलनाथ के ओएसडी(ऑफिसर ऑन स्पेशल ड्यूटी) प्रवीण कक्कड़, पूर्व सलाहकार आरके मिगलानी, कक्कड़ के करीबी प्रतीक जोशी और अश्विन शर्मा और कमलनाथ के भांजे रातुल पुरी के ठिकानों पर छापेमारी की.

अश्विन शर्मा के घर पर छापेमारी के दौरान टकराव

मध्‍य प्रदेश, दिल्‍ली और गोवा समेत 50 ठिकानों पर इनकम टैक्‍स के 500 अधिकारियों ने छापेमारी की. रविवार सुबह 3 बजे से शुरू हुई रेड रविवार देर शाम तक चलती रही और मामला उस वक्‍त टकराव में बदल गया जब इनकम टैक्‍स टीम, सीआरपीएफ के साथ अश्विन शर्मा के घर पहुंची.

इस बात पर हुआ टकराव, जो बढ़ता ही चला गया

-बताया जाता है अश्विन शर्मा जिस काम्‍प्‍लेक्‍स में रहते हैं, वहां जब भोपाल पुलिस के दो सीएसपी अंदर जाने का प्रयास कर रहे थे, तभी केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के अधिकारियों ने उन्‍हें रोका.

-भोपाल पुलिस के सीएसपी उमेश तिवारी और भूपेंद्र सिंह ने अंदर जाने की कोशिश की तब मेन गेट पर सीआरपीएफ जवानों ने रोक लिया. इसके बाद उन्‍होंने पिछले गेट से अंदर जाने का प्रयास किया, लेकिन वहां भी रोक लिया गया.

-भोपाल पुलिस का कहना था कि उन्‍हें काम्‍पलेक्‍स में रह रहे लोगों ने फोन पर सूचना दी कि उन्‍हें बेवजह परेशानी हो रही है, इनमें कुछ बीमार भी हैं, जबकि सीआपीएफ अधिकारी ने इसका खंडन किया.

-भोपाल पुलिस के अधिकारियों ने कहा कि उन्‍हें छापे से कोई लेना देना नहीं है. वहीं, सीआरपीएफ अधिकारियों ने आरोप लगाया कि उन्‍हें काम करने से रोका जा रहा है. इसके बाद टकराव की स्थिति बन गई. यह पूरा घटनाक्रम भोपाल के टीटीनगर स्थित प्लेटिनम प्लाजा में हुआ.

-टकराव के मुद्दे पर भोपाल के एसपी सिटी ने कहा कि प्लेटिनम प्लाजा के लोग कम्‍प्‍लेंट कर रहे थे कि लोग बीमार हैं और ये लोग (मतलब सीआरपीएफ और इनकम टैक्‍स के अधिकारी) हॉस्पिटल नहीं जाने दे रहे हैं. यही वह जगह है, जहां पर इनकम टैक्‍स अधिकारी सीआरपीएफ के साथ घेरा डाले थे.

-वहीं, स्‍पॉट पर मौजूद टीवी9भारतवर्ष के रिपोर्टर ने बताया कि सोसायटी से एक मरीज को बाहर ले जाया गया, जिसके बाद एमपी पुलिस ने छापेमारी स्‍थल से थोड़ी दूरी बना ली. वहीं, सूत्रों के हवाले से इनकम टैक्‍स अधिकारी यह दावा कर रहे हैं कि एमपी पुलिस रेड रोककर अश्विन शर्मा को बचाने का प्रयास कर रही है.

-अश्विन शर्मा के घर पर बड़ी संख्या में एमपी पुलिस की तैनाती के बाद सीआरपीएफ ने जवानों की संख्‍या बढ़ाई. वैसे, रविवार सुबह से आईटी डिपार्टमेंट की टीम ने एमपी पुलिस को कार्रवाई से दूर रखा.

कौन हैं अश्विन शर्मा, जानें

-अश्विन शर्मा भोपाल के आर्म्ड डीलर हैं. बताया जा रहा है कि प्रवीण कक्कड़ इन्हीं के माध्यम से डीलिंग करता था. अश्विन शर्मा की कई भाजपा नेताओं से भी नजदीकी की बात सामने आई है.

-भोपाल में प्लेटिनम प्लाजा की छठी मंजिल पर प्रतीक जोशी और अश्विन शर्मा का घर है. यहीं पर दोनों के दफ्तर भी हैं. आयकर विभाग को प्लेटिनम प्‍लाजा की पॉर्किंग में अश्विन की करीब दो दर्जन लग्जरी कारें मिली हैं. इनमें आधा दर्जन विंटेज कारें भी शामिल हैं. आयकर विभाग की टीम ने कारों की तलाशी भी ली है.

कक्‍कड़ के घर भी पहुंचे पुलिस अधिकारी

वहीं, इंदौर में शाम को इंदौर एसएसपी रुचि वर्धन मिश्र, एसपी यूसुफ कुरैशी और सीएसपी पंकज दीक्षित सीएम कमलनाथ के ओएसडी प्रवीण कक्कड़ के निवास पर पहुंचे. इस दौरान एसएसपी रुचि वर्धन मिश्र को भी घर के अंदर जाने से रोका गया, इस पर उन्‍होंने सीआरपीएफ के जवानों को अपना मोबाइल नंबर दिया और कहा कि उनकी आवश्‍यकता होने पर उन्‍हें तत्‍काल सूचित किया जाए.