CRPF हेल्पलाइन पर 6 दिनों में 7 हजार कॉल्स, भड़ास निकालने के लिए पाकिस्तानी भी कर रहे हैं फोन

टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 14411 पर विदेशों से भी कई लोग अपने परिजनों का हाल जानने के लिए फोन कर रहे हैं. कुल 22 देशों से सीआरपीएफ की मददगार हेल्पलाइन पर फोन आए.

जम्मू कश्मीर से आर्टिकल 370 हटाए जाने के बाद से बौखलाए पाकिस्तान की हरकतें दुनिया के सामने आ गई हैं. एक तरफ जहां उनके प्रधानमंत्री इमरान खान को दुनियाभर के संस्थानों से कश्मीर मसले को लेकर मुंह की खानी पड़ी है, वहीं पाकिस्तान की जनता कश्मीरियों के सहायता के लिए चलाए जा रहे हेल्पलाइन नंबरों पर अपनी भड़ास निकाल रही है.

जानकारी के मुताबिक कई पाकिस्तानी लोग आर्टिकल 370 हटने के बाद कश्मीरियों के लिए सीआरपीएफ मददगार द्वारा चलाई जा रही हेल्पलाइन पर कॉल कर गालियां दे कर अपनी भड़ास निकाल रहे हैं. सीआरपीएफ के मुताबिक 11 से 16 अगस्त के बीच 7,071 कॉल्स आईं, जिसमें से 171 कॉल्स भारत के बाहर से की गई थीं.

सूत्रों ने बताया कि हेल्पलाइन नंबर पर फोन कर कश्मीरी और कश्मीर में रहने वाले लोग अपने परिजनों और जाननेवालों की खैरियत की जानकारी ले रहे हैं, जबकि पाकिस्तान से कुछ लोग फोन कर सीआरपीएफ को अपशब्द कहते हुए गालियां दे रहे हैं.

अपनों का हाल जानने के लिए 22 देशों से लोग कर रहे हैं फोन

हालांकि कुछ पाकिस्तानी लोग वाकई में अपने रिश्तेदारों का हालचाल जानने के लिए भी कॉल कर रहे हैं. सीआरपीएफ की मददगार हेल्पलाइन पर आए कॉल्स में से 2,700 फोन कॉल्स सुरक्षा बलों के परिजनों ने किए हैं और 2,448 फोन कॉल्स कश्मीर से बाहर रह रहे लोगों ने अपने परिजनों की खैरियत जानने के लिए किए.

जानकारी के मुताबिक टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 14411 पर विदेशों से भी कई लोग अपने परिजनों का हाल जानने के लिए फोन कर रहे हैं. कुल 22 देशों से सीआरपीएफ की मददगार हेल्पलाइन पर फोन आए. इनमें 39 यूएई से, 11 कुवैत से, 8 इजराइल से, 8 मलेशिया से, 7 रूस से, 6-6 फोन कॉल्स अमेरिका और तुर्की से, 5 ऑस्ट्रेलिया से, 4-4 यूनाइटेड किंगडम, बांग्लादेश और सिंगापुर से आए.

वहीं कनाडा, बहरीन, जर्मनी, फिलीपींस, थाइलैंड, ओमान, फ्रांस, बेल्जियम, चीन और कतर से भी सीआरपीएफ की हेल्पलाइन पर कॉल्स आई हैं.

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