AAP vs BJP: क्या कहता है दिल्ली विधानसभा चुनाव पर आया पहला Opinion Poll…

70 सदस्यीय दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए आठ फरवरी को मतदान होंगे और मतगणना 11 फरवरी को होगी.
delhi assembly elections 2020, AAP vs BJP: क्या कहता है दिल्ली विधानसभा चुनाव पर आया पहला Opinion Poll…

चुनाव आयोग ने दिल्ली विधानसभा चुनाव की तारीख का एलान कर दिया है. ऐसे में आईएएनएस-सीवोटर के चुनाव पूर्व सर्वे से जाहिर होता है कि आम आदमी पार्टी की सरकार मजबूती के साथ दोबारा सत्ता में वापस आएगी. आईएएनएस-सीवोटर का चुनाव पूर्व सर्वे जनवरी के पहले हफ्ते में किया गया और सोमवार को जारी हुआ. इसके मुताबिक यदि चुनाव जनवरी के पहले हफ्ते में हो तो दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की पार्टी आप 2015 में मिली जीत को दोहरा सकती है. सर्वे का सैंपल साइज 13,076 था.

यह दिल्ली चुनाव से संबंधित पहला सर्वे है. आईएएनएस-सीवोटर सर्वे के अनुसार, अगर चुनाव जनवरी के पहले हफ्ते में होते तो आप को 53.3 फीसदी वोट मिलते, जिससे वह करीब 59 सीटें जीतने के करीब होती. जबकि भाजपा को 25.9 फीसदी वोट के साथ आठ सीटें हासिल होतीं. वहीं कांग्रेस 4.9 फीसदी वोट के साथ चार सीटें जीत पाती.

सर्वे में लोगों को पूछा गया था, ‘विधानसभा चुनाव अगर आज होते हैं तो आप किसे वोट देंगे?’

सर्वे के अनुमान के मुताबिक, आप को 64 सीटें तक मिल सकती हैं. दो दशक बाद दिल्ली की सत्ता में वापसी के लिए जोर लगा रही भाजपा को तीन से 13 सीटें मिलने का अनुमान है. वहीं कांग्रेस को 0-6 सीटें मिलने का अनुमान जताया गया. बाहरी दिल्ली में आप को 26, मध्य दिल्ली में 17, यमुनापार में 16 सीटें मिलने का अनुमान है.

साल 2015 के विधानसभा चुनाव में आप को 67 सीटें मिली थी और पांच विधायकों के अयोग्य ठहराए जाने के बाद उसके 62 विधायक हैं. पंजाब चुनाव में जीत दर्ज करने पर एक विधायक के इस्तीफे के बाद हुए उपचुनाव में भी उसे एक सीट का नुकसान हुआ था.

अब दिल्ली विधानसभा चुनाव में कुछ दिन बाकी रह गए हैं. ऐसे में यह तय है कि फोकस अब इन दो दलों पर ही रहेगी.

गौरतलब है कि 70 सदस्यीय दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए आठ फरवरी को मतदान होंगे और मतगणना 11 फरवरी को होगी. दिल्ली विधानसभा चुनाव 2020 की घोषणा होने के साथ ही दिल्ली में चुनावी आचार संहिता लागू हो गई है.

इसके पहले 2015 में हुए विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी (आप) को 70 में से 67 सीटें मिली थीं. भाजपा ने तीन सीटें जीती थीं और बाद उसने उपचुनाव जीता था, इस तरह विधानसभा में उसके चार विधायक हैं. कांग्रेस को एक भी सीट नहीं मिल सकी थी. 8 फरवरी को दिल्ली के 1.47 करोड़ मतदाता नई सरकार का चुनाव करेंगे.

बता दें कि दिल्ली के मुख्‍य निर्वाचन अधिकारी (CEO) के मुताबिक, यहां 1 करोड़ 46 लाख 92 हज़ार 136 वोटर हैं. इनमें 80,55,686 पुरुष और 66,35,635 महिलाए हैं. थर्ड जेंडर वोटर्स की संख्‍या 815 है. फर्स्ट टाइम वोटर की संख्‍या 2,08,883 है. दिल्‍ली में 2,00,535 मतदाता 80 साल से अधिक आयु के हैं. दिव्यांग वोटर्स की संख्‍या 55,823 है. जनवरी 2019 से जनवरी 2020 तक 9.96 लाख नए वोटर जोड़े गए हैं. दिल्ली में 2689 लोकेशन पर कुल 13750 पोलिंग बूथ हैं.

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