सनी देओल के साथ संसद में नहीं बैठेंगी हेमा मालिनी, जानिए क्या है वजह

17वीं लोकसभा में 300 सांसद ऐसे हैं, जो कि पहली बार संसद पहुंचे हैं. इनमें सनी देओल के अलावा, हंस राज हंस, प्रज्ञा ठाकुर, गौतम गंभीर और रवि किशन जैसे जानेमाने चेहरे शामिल हैं.

नई दिल्ली: लोकसभा सत्र के दौरान मथुरा से भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) हेमा मालिनी अपने स्टेपसन और गुरदासपुर से बीजेपी सांसद सनी देओल का उनके लोकसभा डेब्यू में समर्थन नहीं दे पाएंगी. इसका कारण यह है कि ये दोनों बीजेपी सांसद 6 जून से शुरू हो रहे सत्र में लोकसभा सदन में एक साथ नहीं बैठ पाएंगे.

17वीं लोकसभा में 300 सांसद ऐसे हैं, जो कि पहली बार संसद पहुंचे हैं. इनमें सनी देओल के अलावा, हंस राज हंस, प्रज्ञा ठाकुर, गौतम गंभीर और रवि किशन जैसे जानेमाने चेहरे शामिल हैं. भले ही ये लोग लोकप्रियता के मामले में काफी आगे हों, लेकिन संसद में इन्हें अपने सीनियर्स के पीछे ही बैठने को मिलेगा.

हेमा मालिनी दूसरी बार मथुरा से सांसद चुनी गई है, जिसके बाद उन्हें लोकसभा में मिडिल बेंच में बैठने की जगह मिली है, तो वहीं सनी देओल और उनके जैसे पहली बार सांसद बने राजनेतओं को सबसे पीछे बैठना होगा.

इसी तरह भोपाल से सांसद प्रज्ञा ठाकुर की बात की जाए तो वे हमीरपुर सांसद अनुराग ठाकुर से उम्र में बड़ी हैं, लेकिन फिर भी उन्हें पीछे की सीट पर ही बैठना होगा, क्योंकि अनुराग ठाकुर चार बार सांसद चुने जा चुके हैं और प्रज्ञा ठाकुर पहली बार संसद पहुंची हैं.

लोकसभा में सांसदों के लिए सीट पहले सी ही तय की गई हैं. स्पीकर ऑफ द हाउस के राइट साइड में सत्ताधारी पार्टी के सांसद बैठते हैं, तो वहीं लेफ्ट साइड में विपक्षी पार्टी के सांसदों के बैठने की जगह है. राइट साइड में पहली लाइन प्रधानमंत्री, कैबिनेट मंत्रियों और सत्ताधारी पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं के लिए रिजर्व रहती है.

 

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