कांग्रेस को मिलने वाला चंदा पांच गुना बढ़ा, जानिए सोनिया-राहुल ने दिए कितने पैसे?

पवन बंसल और मनीष तिवारी ने 35-35 हजार और नवजोत सिंह सिद्धू और उनकी पत्नी ने भी 35-35 हजार रुपए का चंदा दिया है.

मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में सरकार बनने के बाद से कांग्रेस पार्टी के चंदे में भी वृद्धि हो रही है. हालांकि बीजेपी के मुक़ाबले अभी भी चंदे के मामले में कांग्रेस मीलों दूर है. कांग्रेस ने चुनाव आयोग के सामने 30 अगस्त को चंदा से जुड़ी सभी जानकारी दी है. जिसके मुताबिक पार्टी को साल 2018-19 में 146 करोड़ रुपए का चंदा मिला है. यानी पिछले साल के मुकाबले यह पांच गुना ज़्यादा है. पिछले वित्तीय वर्ष में कांग्रेस को सिर्फ 26 करोड़ रुपए का चंदा मिला था.

कांग्रेस ने जो आंकड़े पेश किए हैं, उनके अनुसार, पार्टी को इलेक्टोरल बॉन्ड से कोई चंदा नहीं मिला है. जबकि चंदे में मिली कुल राशि में से 98 करोड़ रुपए इलेक्टोरल ट्रस्ट के चंदे से ही मिले हैं. कांग्रेस पार्टी को द प्रोग्रेसिव इलेक्टोरल ट्रस्ट (टाटा ग्रुप द्वारा समर्थित) से सबसे ज्यादा 55 करोड़ रुपए का चंदा मिला है. वहीं प्रूडेंट इलेक्टोरल ट्रस्ट (भारती एयरटेल और डीएलएफ द्वारा समर्थित) से 39 करोड़ रुपए, आदित्य बिरला जनरल ट्रस्ट और समाज से 2-2 करोड़ रुपए का चंदा मिला है. हालांकि कांग्रेस को बड़े कॉरपोरेट हाउस से कोई चंदा नहीं मिला है.

कांग्रेस को इस साल चंदा देने वाले कॉरपोरेट हाउस में ग्वालियर एल्कोब्रू (7 करोड़), HEG और निरमा ग्रुप(2.5-2.5 करोड़) अपर्णा इंफ्रास्ट्रक्चर हाउसिंग लिमिटेड (1 करोड़) मनीपाल ग्रुप के टीवी मोहनदास पई (35 लाख रुपए) का नाम शामिल है. वहीं निजी तौर पर चंदा देने वालों की बात की जाए तो बेंगलुरू की फौजिया खान ने सबसे ज्यादा 4.4 करोड़ रुपए दिए हैं.

वहीं बेंगलुरू के एचए इकबाल हुसैन ने पार्टी को 3 करोड़ का चंदा दिया है. हालांकि उनका पता भी फौजिया खान वाला ही है. जबकि पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी ने पार्टी फंड में 54-54 हजार रुपए का चंदा दिया है. पार्टी के वरिष्ठ नेता कपिल सिब्बल ने 2 लाख, पवन बंसल और मनीष तिवारी ने 35-35 हजार और नवजोत सिंह सिद्धू और उनकी पत्नी ने भी 35-35 हजार रुपए का चंदा दिया है.