अगस्त में कोर सेक्टर्स की ग्रोथ में आई 0.5% की गिरावट

कोर सेक्टर के आठ उद्योगों (कोयला, कच्चा तेल, प्राकृतिक गैस, रिफाइनरी प्रॉडक्ट्स, सीमेंट तथा बिजली) की वृद्धि दर 4.7 फीसदी रही.

अगस्त महीने में कोर सेक्टर्स की रफ्तार में 0.5 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है. यह पिछले साढ़े तीन साल की सबसे बड़ी गिरावट है. इससे पहले नवंबर 2015 में 1.3 फीसदी की बड़ी गिरावट दर्ज की गई थी.

128.2 पर रहा इंडेक्स
जुलाई महीने में आठ कोर सेक्टर की ग्रोथ 2.1 फीसदी थी. वहीं, अगस्त 2018 में कोर सेक्‍टर्स की विकास दर 4.7 फीसदी थी. आज यानी सोमवार को जारी किए गए ताजा आंकड़ों के मुताबिक कोर सेक्टर की 8 प्रमुख इंडस्ट्रीज का इंडेक्स 128.2 रहा है.

साल में 2019-20 के अप्रैल-अगस्त महीने के दौरान यह 2.4 फीसदी रही है. जबकि पिछले साल इसी दरम्यान 5.7 फीसदी थी.

इन सेक्टर्स में आई गिरावट
कोर सेक्टर के आठ उद्योगों (कोयला, कच्चा तेल, प्राकृतिक गैस, रिफाइनरी प्रॉडक्ट्स, सीमेंट तथा बिजली) की वृद्धि दर 4.7 फीसदी रही. केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, कोयला, कच्चा तेल, प्राकृतिक गैस, सीमेंट तथा बिजली क्षेत्र की वृद्धि दर में क्रमशः 8.6%, 5.4%, 3.9%, 4.9% तथा 2.9% की गिरावट दर्ज की गई है.

रेटिंग एजेंसी इक्रा की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि प्रमुख उद्योगों की वृद्धि दर अगस्त में निराशाजनक और कमजोर रही है. आठ में से छह क्षेत्रों की वृद्धि दर में क्षय हुआ है, जबकि सालाना आधार पर पांच क्षेत्रों में गिरावट दर्ज की गई है.

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