हर-हर महादेव जयकारों के साथ अमरनाथ यात्रियों का पहला जत्था रवाना, सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त

अमरनाथ यात्रा 1 जुलाई से शुरू होकर 15 अगस्त को समाप्त होगी. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अमरनाथ गुफा में बाबा बर्फानी के दर्शन करने के बाद अपने दो दिन का जम्मू कश्मीर दौरा शुरू किया था और सुरक्षा स्थितियों का जायजा लिया था.

जम्मू-कश्मीर: कड़ी सुरक्षा के बीच जम्मू बेस कैंप से अमरनाथ यात्रियों का पहला जत्था रवाना हो गया. जम्मू कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक के सलाहकार केके शर्मा ने हरी झंडी दिखाकर यात्रियों को रवाना किया. यात्रियों के लिए सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए हैं.

बाबा अमरनाथ के दर्शन के लिए निकले श्रद्धालुओं ने कहा कि उन्हें किसी खतरे का डर नहीं है. यात्रियों ने कहा कि उन्हें भगवान शिव और सेना पर पूरा भरोसा है. यात्रा के पूरे मार्ग पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं. सुरक्षा बलों ने चप्पे पर कड़ी निगरानी रखी है और हर आने जाने वाले लोगों की गहन जांच की जा रही है.

इस साल की वार्षिक अमरनाथ यात्रा 1 जुलाई से शुरू होकर 15 अगस्त को समाप्त होगी. अभी हाल में केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने अमरनाथ गुफा में बाबा बर्फानी के दर्शन करने के बाद अपने दो दिन का जम्मू कश्मीर दौरा शुरू किया था और सुरक्षा स्थितियों का जायजा लिया था.

इससे पहले 9 जून को जम्मू कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने अमरनाथ गुफा की ओर जाने वाले बालताल और पहलगाम मार्गों का हवाई सर्वेक्षण किया था. राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने मुख्य सचिव बी.वी.आर.सुब्रह्मण्यम और राज्यपाल के सलाहकार के. विजय कुमार के साथ बर्फ की मौजूदगी की स्थिति को जानने के लिए बालताल-डोमेल-संगम-पंजतरनी-शेषनाग-चंदावड़ी-पहलगाम के समूचे अमरनाथ यात्रा मार्ग का हवाई सर्वेक्षण किया.

सूत्रों के मुताबिक आतंकी अमरनाथ यात्रा के दौरान फिदायीन हमले की कोशिश कर सकते हैं. सूत्र बताते हैं कि जैश और लश्कर आतंकियों के साथ साथ छोटे छोटे पाकिस्तान परस्त आतंकी संगठन जैसे अल बद्र अल उमर मुजाहिदीन और अंसार गजवतुल हिंद के जरिये सुरक्षा एजेंसियों को चकमा देकर अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा में लगे सुरक्षा बलों पर और यात्रा कॉनवॉय पर हमला करवा सकते हैं.

खतरे को पहले से ही भांपते हुए सुरक्षा बलों ओर गृह मंत्रालय ने इस साल अमरनाथ यात्रा को लेकर कड़े सुरक्षा के प्लान तैयार कर लिए हैं. सुरक्षा महकमे से आजतक को जो जानकारी मिली है उसके अनुसार इस बार की अमरनाथ यात्रा में 350 से ज्यादा अर्द्ध सैनिक बलों की कंपनियां सुरक्षा में तैनात तैनात की गई हैं. अमरनाथ यात्रा को लेकर गृहमंत्रालय और सुरक्षा बलों ने बड़ी तैयारी कर ली है.