मोदी सरकार से 56.4 फीसदी ‘बहुत संतुष्ट’, 70 फीसदी फिर से चुनेंगे: सर्वे

सर्वे के मुताबिक, 56.4 फीसदी लोगों ने कहा कि वे मोदी की अगुवाई वाली केंद्र सरकार से बहुत अधिक संतुष्ट हैं, 23.8 फीसदी ने कहा कि वे 'कुछ हद तक संतुष्ट' हैं और सिर्फ 19.8 फीसदी ने कहा कि वे 'संतुष्ट नहीं' हैं.

नई दिल्ली: आईएएनएस-सीवोटर स्टेट ऑफ द नेशन रिपब्लिक डे सर्वे के 56.4 फीसदी लोगोंं ने कहा कि वे भाजपा की अगुवाई वाली केंद्र सरकार से बहुत अधिक संतुष्ट है, जबकि 62.3 फीसदी ने यही बात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए कही.

रविवार को जारी सर्वे के अनुसार, 70 फीसदी उत्तरदाताओं ने कहा कि अगर उन्हें सीधे चुनने का मौका मिले तो वे फिर से मोदी को चुनने के लिए तैयार हैं. यह निष्कर्ष ऐसे समय में सामने आए हैं जब राष्ट्र नागरिकता संशोधन कानून को लेकर विरोध प्रदर्शनों से गुजर रहा है.

सर्वे के मुताबिक, 56.4 फीसदी लोगों ने कहा कि वे मोदी की अगुवाई वाली केंद्र सरकार से बहुत अधिक संतुष्ट हैं, 23.8 फीसदी ने कहा कि वे ‘कुछ हद तक संतुष्ट’ हैं और सिर्फ 19.8 फीसदी ने कहा कि वे ‘संतुष्ट नहीं’ हैं.

पूर्वोत्तर जोरदार तरीके से भाजपा का बना हुआ है. यहां 82.1 फीसदी लोगों ने कहा कि वे भाजपा नेतृत्व वाली केंद्र सरकार से ‘बहुत संतुष्ट’ हैं, जबकि इस तरह के समर्थन का राष्ट्रीय औसत 56.4 फीसदी है.

छत्तीसगढ़ जैसे गैर-भाजपा शासित राज्य भी भाजपा को 60.1 फीसदी की मंजूरी देते हैं, लेकिन तमिलनाडु और पुडुचेरी जैसे राज्य में लोग केंद्र में भाजपा के होने के खिलाफ हैं और यहां केवल 3.9 फीसदी ने कहा कि वे केंद्र सरकार से ‘बहुत संतुष्ट’ हैं.

आईएएनएस-सी वोटर स्टेट ऑफ द नेशन सर्वे के निष्कर्षों से यह तथ्य साफ है कि कि ब्रांड मोदी ब्रांड भाजपा पर भारी पड़ रहा है. 56.4 फीसदी लोगों ने कहा कि वे भाजपा से ‘बहुत अधिक संतुष्ट’ हैं, जबकि 62.3 फीसदी ने यही बात मोदी के लिए कही और 20.9 फीसदी ने कहा कि वे ‘कुछ हद तक संतुष्ट’ हैं.

सर्वे के अनुसार, सिर्फ 16.8 फीसदी लोगों ने मोदी के प्रति अपनी सहमति जाहिर की. इस सर्वे का सैंपल साइज 30,240 लोगों का रहा और यह 543 लोकसभा सीटों में फैला था. यह सर्वे 25 जनवरी तक 12 हफ्तों तक किया गया.