मंच से सरेआम हिमाचल बीजेपी अध्यक्ष सतपाल सत्ती ने दी राहुल गांधी को मां की गाली, देखें VIDEO

रामपुर में आजम खान की अभद्र टिप्पणी के बाद सोशल साइट्स पर लोग हिमाचल बीजेपी अध्यक्ष सतपाल सत्ती पर गुस्सा व्यक्त कर रहे हैं जिन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को मंच से मां की गाली दी थी.


अभी समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी आजम खान का ‘खाकी अंडरवियर’ वाला बयान पर हंगामा शांत भी नहीं हुआ था कि हिमाचल प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष सतपाल सत्ती के बयान को लेकर एक बार फिर से राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज़ हो गई है.

वीडियो में दिख रहा है कि सतपाल सिंह सत्ती पीएम को चोर कहने वाली टिप्पणी के खिलाफ राहुल गांधी के परिवार को जमानती कह रहे हैं. इतना ही नहीं, वीडियो में वह राहुल गांधी को अपशब्द भी कहते दिख रहे हैं. यह वीडियो सोलन जिले का बताया जा रहा है. कहा जा रहा है कि यहां रामशहर में आयोजित जनसभा के दौरान सतपाल सत्‍ती ने राहुल गांधी के खिलाफ अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया.

सोशल मीडिया में वायरल हो रहे एक मिनट के वीडियो में वह कह रहे ‘बेचारे (राहुल गांधी) को पता ही नहीं चलता. जो लिखकर देते हैं, बोल देते हैं. भैया इतनी उमर हो गई तुम्हारी. परिवार के अंदर तीन प्रधानमंत्री रहे, आपको यही पता नहीं चलता कि बोलना क्या है? मंच से कह रहे हैं कि चौकीदार चोर है?’

वीडियो में सतपाल ने हाथ में एक कागज उठाते हुए कहा, ‘एक पंजाबी आदमी ने फेसबुक पर लिखा है, जो मैं मंच से सतपाल ने हाथ में कागज उठाया और कहा- एक पंजाबी आदमी ने फेसबुक पर लिखा है, जो मैं मंच से नहीं बोल सकता. राहुल जी के बारे में हम भी नहीं बोल सकते, क्योंकि एक पार्टी के राष्ट्रीय नेता हैं और तीन बार के सांसद हैं. मैंने रणधीर शर्मा (प्रदेश बीजेपी प्रवक्ता) से पूछा कि क्या लिखा है तो उन्होंने कहा कि मैं बता नहीं सकता, आप फेसबुक पर पढ़ो, लोगों में हमसे भी ज्यादा गुस्सा है. मैं भारी मन से बोल रहा हूं, उसने लिखा है- इस देश का चौकीदार चोर है, अगर तू बोलता है तो तू…… है… उसने सीधा लिखा है फेसबुक पर.’

वहीं बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष के इस भाषण का विडियो वायरल होने के बाद हिमाचल प्रदेश कांग्रेस ने सतपाल सत्ती से मांफी मांगने की मांग की है. प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता नरेश चौहान ने कहा कि सत्ती को माफी मांगनी चाहिए अन्यथा कांग्रेस उनके खिलाफ चुनाव आयोग से शिकायत करेगी. उन्होंने कहा कि हम अपने कानूनी प्रकोष्ठ से राय ले रहे हैं. उसके बाद हम उनके खिलाफ चुनाव आयोग से औपचारिक शिकायत कर करेंगे.