दशकों बाद बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी नहीं कर पाएंगे ध्वजारोहण, जानिए वजह

जानकारी के मुताबिक बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी बुखार से पीड़ित हैं. इसके चलते कई दशकों में पहली बार ऐसा होगा कि वह अपने आवास पर स्वतंत्रता दिवस पर ध्वजारोहण नहीं कर पाएंगे.

नई दिल्ली: समूचा मुल्क स्वंत्रता दिवस के जश्न में डूबा हुआ है. पीएम मोदी समेत तमाम बड़े नेता अपने-अपने आवासों में ध्वजारोहण करते हैं. भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी भी दशकों से अपने आवास पर झंडा फहराते रहे हैं लेकिन इस बार वो ध्वजारोहण नहीं कर पाएंगे.

जानकारी के मुताबिक बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी बुखार से पीड़ित हैं. इसके चलते कई दशकों में पहली बार ऐसा होगा कि वह अपने आवास पर स्वतंत्रता दिवस पर ध्वजारोहण नहीं कर पाएंगे. उनके कार्यालय की ओर से इस संबंध में जारी किए गए बयान के अनुसार, 91 वर्षीय पूर्व उप प्रधानमंत्री आडवाणी बुखार से पीड़ित हैं और इसी कारण वह गुरूवार को राष्ट्रीय ध्वज नहीं फहरा पाएंगे.

बयान के अनुसार, ‘यह सूचित किया जाता है कि लालकृष्ण आडवाणी पिछले पांच दिन से बुखार से पीड़ित हैं और इसीलिए इस साल 15 अगस्त को उनके आवास 30 पृथ्वीराज रोड पर ध्वजारोहण नहीं होगा.’

लाल किले की प्राचीर से पीएम नरेन्द्र मोदी गुरुवार को लगातार छठी बार स्वतंत्रता दिवस पर भाषण देंगे. मोदी सरकार पार्ट-2 की दमदार वापसी के बाद उनका लाल किले से यह पहला भाषण होगा. मोदी गुरुवार को लाल किले की प्राचीर से स्वतंत्रता दिवस पर भाषण देने के साथ ही अटल बिहारी वाजपेयी की बराबरी कर लेंगे.

आज होने वाले पीएम मोदी के भाषण के लिए लोग अभी से ही सोशल मीडिया में उत्सुक नजर आ रहे हैं. लोग कयास लगा रहे कि पीएम मोदी जम्मू-कश्मीर पर किए गए ऐतिहासिक निर्णय से लेकर अर्थव्यवस्था की स्थिति तक वह विभिन्न मुद्दों पर वह चर्चा करेंगे.

मोदी 15 अगस्त पर अपने संबोधन में सरकार की महत्वकांक्षी परियोजनाओं जैसे ‘स्वच्छ भारत’, ‘आयुष्मान भारत’ और भारत के अंतरिक्ष में पहले मानव मिशन जैसी घोषणाएं करते आए हैं. वह अपने संबोधन में उनके नेतृत्व में हो रहे विकास को रेखांकित करने और अपनी सरकार के कामकाज का लेखाजोखा भी पेश करने के लिए करते रहे हैं.