UN में कश्‍मीर पर पाकिस्‍तान के साथ सुर मिलाने वाले इन दो देशों को अपने पाले में लाएगा भारत

भारत ने तुर्की और मलेशिया को नसीहत देते हुए कहा कि कश्‍मीर मसला पूरी तरह से भारत का आंतरिक मामला है.

नई दिल्‍ली: संयुक्‍त राष्‍ट्र महासभा में कश्‍मीर मुद्दे पर हो-हल्‍ला मचाने वाले पाकिस्‍तान के पीएम इमरान खान को दुनिया का साथ नहीं मिला. सिर्फ दो मुस्लिम देशों ने पाकिस्‍तान के सुर में सुर मिलाया. इनके नाम हैं- मलेशिया और तुर्की. भारत ने अब इन दोनों देशों को खरी-खरी सुनाई है.

भारत ने तुर्की और मलेशिया को नसीहत देते हुए कहा कि कश्‍मीर मसला पूरी तरह से भारत का आंतरिक मामला है. भारत ने खासतौर से मलेशिया से कहा कि उसे इस मुद्दे पर अनावश्यक बयानबाजी से बचना चाहिए.

भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता रवीश कुमार ने कहा कि जम्मू-कश्मीर का भारत में विलय ठीक वैसे ही हुआ जैसे अन्य रियासतों का हुआ था. पाकिस्‍तान ने जबरन घुसपैठ कर अवैध तरीके से कुछ हिस्सों पर कब्जा जमा रखा है. मलेशिया की सरकार को दोनों देशों के बीच के अच्छे संबंधों को ध्यान में रखना चाहिए और इस तरह की बयानबाजी से बचना चाहिए.

विदेश मंत्रालय ने यह भी कहा कि वह कश्‍मीर मसले को लेकर तुर्की के साथ बात करेगा और बेहद स्‍पष्‍ट तरीके से चर्चा करेगा. विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता ने कहा, ‘यह पूरी तरह से भारत का आंतरिक मामला है. हम तुर्की सरकार के साथ कश्मीर मुद्दे पर चर्चा करेंगे. हम कश्मीर की जमीनी हकीकत, उन्हें बताएंगे ताकि वह मामले के बारे में एक निष्पक्ष समझ बना सकें.’

शुक्रवार को विदेश मंत्रालय ने पाकिस्‍तान के पीएम इमरान खान पर निशाना साधते हुए कहा कि इमरान खान लोगों से एलओसी की ओर कूच करने का खुला आह्वान कर रहे हैं. संयुक्त राष्ट्र में भी उन्होंने भड़काऊ और गैर जिम्मेदार बयान दिए. हमें ऐसा लगता है कि शायद उन्हें नहीं पता है कि अंतरराष्ट्रीय संबंध कैसे बनाए जाते हैं.’