VIDEO: आपकी घड़ी का समय देख सकता है कार्टोसैट-3 में लगा कैमरा, जानें और क्या खास

दुनिया में अभी तक जो सबसे हाईरिजॉल्यूसन का कैमरा था वह 0.35 मीटर क्षेत्र की तस्वीर ले सकता है लेकिन यह 0.25 मीटर क्षेत्र की तस्वीर ले सकता है.

धरती की निगरानी एवं मानचित्र उपग्रह कार्टोसैट-3 के साथ अमेरिका के 13 नैनो उपग्रहों को इसरो ने बुधवार सुबह लॉन्च कर दिया. इसके साथ ही भारत ने 300 विदेशी उपग्रहों को कक्षा में स्थापित करने का आंकड़ा पार कर लिया है. अमेरिका के 13 सूक्ष्म उपग्रहों को उनकी कक्षा में स्थापित करने के साथ ही आज की तारीख तक भारत द्वारा छोड़े गए कुल विदेशी उपग्रहों की संख्या 310 हो गई है.

टीवी9 भारतवर्ष पर अंतरिक्ष वैज्ञानिक के. सिद्धार्थ ने बताया कि कार्टोसैट-3 उन्नत उपग्रह है जिसमें हाई रिजोल्यूशन तस्वीर लेने की क्षमता है. यह इतनी सूक्ष्म तस्वीर ले सकता है कि आपकी घड़ी का समय और घड़ी का ब्रांड भी देख सकता है. इसके साथ एक पैनक्रोमेटिक कैमरा है जिससे यह 0.25 मीटर क्षेत्र के आसपास की सूक्ष्म तस्वीर ले सकता है.

किसी भी गाड़ी की निगरानी करनी है जासूसी करनी है तो गाड़ी का नंबर देख सकता है. इससे बड़े स्तर पर मैपिंग की जा सकेगी जिससे शहरों की प्लानिंग और ग्रामीण इलाकों के संसाधनों का प्रबंधन भी किया जा सकेगा.

दुनिया में अभी तक जो सबसे हाईरिजॉल्यूसन का कैमरा था वह 0.35 मीटर क्षेत्र की तस्वीर ले सकता है लेकिन यह 0.25 मीटर क्षेत्र की तस्वीर ले सकता है. अब किसी भी तरह से कोई भी देश इसकी निगाहों से बच नहीं सकता. इसकी तस्वीरों का उपयोग आने वाले समय में दुनिया भी करने लगेगी.

यह आतंकी कैंपों पर पैंनी नजर रखेगा. उन्होंने बताया कि इससे ली गई तस्वीरों को भारत दूसरे देशों के लिए उपलब्ध कराके उनसे संधि भी कर सकता है. उन्हें बेच सकता है, भेज सकता है. यह 500 किलोमीटर की ऊंचाई से साफ तस्वीर ले सकता है.

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