Kargil Vijay Diwas Live: सेना प्रमुख की PAK को नसीहत- ‘ऐसा दोबारा मत करना, करारा जवाब मिलेगा’

एयर चीफ मार्शल वीरेंद्र सिंह धनोआ, सेना प्रमुख बिपिन रावत और नेवी चीफ एडमिरल करमबीर सिंह ने द्रास में कारगिल वार मेमोरियल में शहीदों को श्रद्धांजलि दी.

नई दिल्ली. 20वें करगिल विजय दिवस के अवसर पर सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने जम्मू-कश्मीर के द्रास में कारगिल युद्ध स्मारक पर श्रद्धांजलि अर्पित की. साथ ही एयर चीफ मार्शल बिरेन्द्र सिंह धनोवा और नेवी चीफ एडमिरल करमबीर सिंह भी श्रद्धांजलि अर्पित करने द्रास पहुंचे. राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को भी द्रास में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचना था, लेकिन उनका प्रोग्राम खराब मौसम के कारण कैंसिल हो गया. ऑपरेशन विजय की 20वीं सालगिरह पर जम्मू-कश्मीर के द्रास में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया है.

द्रास में सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने कहा, “मैं अपने देशवासियों से कहना चाहता हूं कि आप इस बात के लिए निश्चिंत रह सकते हैं कि रक्षा क्षेत्र को जो भी काम दिये जाएंगे वे पूरे होंगे, भले ही वे कितने भी कठिन क्यों न हो. हमारे सैनिक सीमाओं की रक्षा करते रहेंगे.”

सेना प्रमुख जनरल रावत से यह पूछे जाने पर कि वे कारगिल विजय दिवस के 20 साल पूरे होने के मौके पर पाकिस्तान को क्या संदेश देना चाहेंगे, जनरल रावत ने कहा- “ऐसा मत कीजिए. ऐसे दुसाहस आमतौर पर नहीं दोहराए जाते. अगली बार आपको और करारा जवाब मिलेगा.”

करगिल विजय दिवस पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद जम्मू-कश्मीर के द्रास जानेवाले थे. लेकिन खराब मौसम के चलते उनकी यात्रा रद्द करनी पड़ी.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला द्वारा वृक्षारोपण अभियान के तहत संसद में पौधारोपण किया.

पीएम मोदी ने ट्वीट कर शहीदों को दी श्रद्धांजलि

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने करगिल युद्ध के दिनों को याद करते हुए तस्वीरें अपने ट्विटर हैंडल पर शेयर की हैं. इसके साथ ही पीएम मोदी ने लिखा, “1999 में करगिल युद्ध के दौरान मुझे करगिल जाने का मौका मिला और अपने बहादुर सैनिकों के साथ एकजुटता दिखाने का अवसर मिला. यह वो समय था जब मैं अपनी पार्टी भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के लिए जम्मू एंड कश्मीर और हिमाचल प्रदेश के लिए काम कर रहा था. करगिल का दौरा और सैनिकों के साथ हुई बातचीत अविस्मरणीय है.”

इसके साथ ही पीएम मोदी ने एक अन्य ट्वीट किया, जिसमें उन्होंने एक वीडियो शेयर कर भारतीय सेना के पराक्रमी याद्धाओं को श्रद्धांजलि दी. वीडियो शेयर करते हुए पीएम मोदी ने लिखा, “कारगिल विजय दिवस पर मां भारती के सभी वीर सपूतों का मैं हृदय से वंदन करता हूं. यह दिवस हमें अपने सैनिकों के साहस, शौर्य और समर्पण की याद दिलाता है. इस अवसर पर उन पराक्रमी योद्धाओं को मेरी विनम्र श्रद्धांजलि, जिन्होंने मातृभूमि की रक्षा में अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया. जय हिंद!”

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने भी किया शहीदों को याद 

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने वतन के लिए कुर्बान हुए सैनिकों को नमन करते हुए अपने ट्विटर हैंडल लिखा, “करगिल विजय दिवस’, हमारे कृतज्ञ राष्ट्र के लिए 1999 में कारगिल की चोटियों पर अपने सशस्त्र बलों की वीरता का स्मरण करने का दिन है. हम इस अवसर पर भारत की रक्षा करने वाले योद्धाओं के धैर्य व शौर्य को नमन करते हैं. हम सभी शहीदों के प्रति आजीवन ऋणी रहेंगे. जय हिंद.”

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने नई दिल्ली में वॉर मेमेरियल पहुंच कर वीरों को श्रद्धांजलि दी.

क्या हुआ था 20 साल पहले

3 मई से 26 मई, 1999 तक भारत और पाकिस्तान के बीच करगिल की जंग तब छिड़ी जब भारतीय सैनिकों को पता चला कि पाकिस्तानी सैनिक करगिल की सीमा में घुसपैठ कर चुके हैं. पाकिस्तान ने भारत पर हमला करने की योजना एक साल पहले यानि 1998 में ही बना ली थी. हिमालय की ऊंची चोटियों की खड़ी चढ़ाई को लांघकर पाकिस्तानी सैनिकों से युद्ध करना आसान नहीं था, लेकिन भारत के वीर जवानों ने अपने कौशल और शौर्य को दिखाते हुए पाकिस्तान को पस्त किया और करगिल पर विजय हासिल की. आज करगिल युद्ध को 20 साल बीत चुके हैं और बीस साल पहले भारतीय सेना ने जो करगिल युद्ध में अपना पराक्रम दिखाया था उसे आज देश सलाम कर रहा है.

ये भी पढ़ें: Kargil Vijay Diwas: करगिल के दौरान सीमा पर गए थे मोदी, ट्वीट की तस्वीरें

ये भी पढ़ें: Kargil Vijay Diwas: इन फेसबुक स्‍टेटस, SMS, कोट्स और तस्‍वीरों से करें शहीदों को नमन