कर्नाटक: दूरदर्शन पर बच्चों की क्लासेज, पढ़ाई पर न पड़े असर- मां ने गिरवी रख दिया मंगलसूत्र

कस्तूरी (Kasturi) ने टेलीविजन सेट खरीदने के लिए अपना 12 ग्राम का मंगलसूत्र (Mangalsutra) गिरवी रख दिया, ताकि उसके बच्चे दूरदर्शन (Doordarshan) पर टेलीकास्ट होने वाली क्लासेज अटेंड कर सकें.
woman mortgages her mangalsutra, कर्नाटक: दूरदर्शन पर बच्चों की क्लासेज, पढ़ाई पर न पड़े असर- मां ने गिरवी रख दिया मंगलसूत्र

शिक्षा कितनी महत्वपूर्ण है, यह जानना है तो कोई कर्नाटक (Karnataka) की उस मां से पूछे, जिसने अपने बच्चों की शिक्षा के लिए अपना मंगलसूत्र (Mangalsutra) गिरवी रख दिया. मंगलसूत्र गिरवी रखकर महिला ने टीवी खरीदा, ताकि बच्चे दूरदर्शन (Doordarshan) पर टेलीकास्ट होने वाली क्लासेज ले सकें. यह मामला कर्नाटक के गड़ग जिले का है.

बच्चों की पढ़ाई के लिए रखा मंगलसूत्र गिरवी

गड़ग जिले के नारगुंड तालुक के नागनूर गांव में में रहती हैं कस्तूरी चलावड़ी. कस्तूरी के चार बच्चे हैं. कस्तूरी ने टेलीविजन सेट खरीदने के लिए अपना 12 ग्राम का मंगलसूत्र गिरवी रख दिया, ताकि उसके बच्चे दूरदर्शन पर टेलीकास्ट होने वाली क्लासेज अटेंड कर सकें.

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उधार देने वाले ने वापस लौटाया मंगलसूत्र

यह मामला तहसीलदार के संज्ञान में लाया गया. बाद में तहसीलदार ने अधिकारियों को गांव भेजा यह जानने के लिए कि आखिर मांजरा क्या है. इस दौरान कस्तूरी को मंगलसूत्र के बदले पैसे देने वाले व्यक्ति को स्थिति का पता चला और उसने कस्तूरी को उसका मंगलसूत्र वापस लौटा दिया. साथ ही कस्तूरी से कहा कि उसका परिवार जब चाहे पैसे लौटा सकता है.

राजनेताओं ने भिजवाए पैसे

इतना ही नहीं जब यह बात हर जगह फैली तो कुछ स्थानीय लोगों ने परिवार के लिए पैसे इकट्ठा किए और कुछ राजनेता भी इसमें शामिल हुए. कांग्रेस विधायक जमीर अहमद ने 50 हजार रुपये कस्तूरी के परिवार के लिए भेजे तो वहीं राज्य मंत्री सीसी पाटिल ने भी 20 हजार रुपये भिजवाए.

कोई नहीं दे रहा था लोन

ऑनलाइन मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, कस्तूरी ने कहा कि दूरदर्शन बच्चों के क्लासेज की पढ़ाई टेलीकास्ट करता है. हमारे पास टेलीविजन नहीं था. हमारे बच्चे टेलीविजन देखने के लिए दूसरों के घर जाते थे. जब शिक्षकों ने कहा कि उन्हें क्लासेज के लिए टीवी देखना है, तो मैंने महसूस किया कि उनका भविष्य दांव पर है. किसी ने मुझे टेलीविजन खरीदने के लिए लोन नहीं दिया, इसलिए मैंने सोचा कि मैं अपने मंगलसूत्र को गिरवी रख दूंगी और एक टीवी खरीदूंगी.

महिला का पति मुत्तप्पा दिहाड़ी मजदूर है. कोरोनावायरस संकट के कारण उन्हें कहीं काम नहीं मिल पाया है. दोनों के तीन बच्चे कक्षा 7 और 8 में पढ़ रहे हैं, जबकि उनकी बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है.

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