Kerala Gold Smuggling Case: NIA ने स्वप्‍ना सुरेश सहित चार के खिलाफ लगाया UAPA

NIA ने स्वप्‍ना (Swapna Suresh) की तरफ से दायर अग्रिम जमानत याचिका के बाद शुक्रवार को केरल उच्च न्यायालय (Kerala HC) में आरोपी के खिलाफ अपना चार्ज शीट दायर की है.
Kerala Gold smuggling case NIA levies UAPA, Kerala Gold Smuggling Case: NIA ने स्वप्‍ना सुरेश सहित चार के खिलाफ लगाया UAPA

केरल सोना तस्करी (Kerala Gold Smuggling Case) मामले में शुक्रवार को एक नया मोड़ आ गया. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने प्रमुख संदिग्ध स्वप्‍ना सुरेश (Swapna Suresh) सहित चार लोगों के खिलाफ एक FIR दर्ज की. स्वप्‍ना मुख्यमंत्री पिनरई विजयन (Pinarayi Vijayan) के अब हटाए जा चुके सचिव और वरिष्ठ आईएएस अधिकारी एम. शिवशंकर की करीबी है.

NIA ने स्वप्‍ना की तरफ से दायर अग्रिम जमानत याचिका के बाद शुक्रवार को केरल उच्च न्यायालय (Kerala HC) में आरोपी के खिलाफ अपना चार्ज शीट दायर की है.

NIA का बयान

एनआईए की तरफ से जारी एक बयान में कहा गया है कि केरल सोना तस्करी मामले में गैर कानूनी गतिविधि (निवारक) अधिनियम, 1967 की धारा 16, 17 और 18 के तहत चार आरोपियों -पीएस सारिथ, स्वप्‍ना प्रभा सुरेश, फाजिल फरीद और संदीप नायर के खिलाफ त्रिवेंद्रम अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डे से पांच जुलाई को कस्टम (प्रीवेंटिव) कमिशनरेट, कोचीन द्वारा 14.82 करोड़ रुपये मूल्य के 24 कैरेट के 30 किलोग्राम सोने की बरामदगी के सिलसिले में एक प्राथमिकी दर्ज की गई है.

देखिये फिक्र आपकी सोमवार से शुक्रवार टीवी 9 भारतवर्ष पर हर रात 9 बजे

पूर्व जन संपर्क अधिकारी के नाम पर आया कंसाइनमेंट

एनआईए ने आगे कहा कि यह कंसाइनमेंट यूएई से आए एक राजनयिक बैगेज में रखा हुआ था, जो वियना कन्वेंशन के अनुसार चैकिंग से मुक्त है. कथित कंसाइनमेंट यूएई कंसुलेट में पहले एक जन संपर्क अधिकारी के रूप में काम कर चुके सारिथ के नाम था. कस्टम विभाग की प्रारंभिक जांच से पता चला है कि सारिथ इस तरह की कई खेपें पहले भी प्राप्त कर चुका है.

आतंकी गतिविधि के समान है मामला

बयान में कहा गया है, “चूंकि यह मामला दूसरे देश से भारत में बड़ी मात्रा में सोने की तस्करी से जुड़ा है, लिहाजा यह देश की आर्थिक स्थिरता और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा है. यह एक आतंकी गतिविधि के समान है, जैसा कि गैरकानूनी गतिविधि (निवारक) अधिनियम, 1967 की धारा 15 में कहा गया है.”

एनआईए ने कहा, “चूंकि यह मामला राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय सूत्रों से जुड़ा हुआ है और प्रारंभिक पड़ताल से पता चला है कि तस्करी के सोने का इस्तेमाल भारत में आतंकवाद को वित्तपोषण में किया जा सकता है, लिहाजा एनआईए ने इस मामले को अपने हाथ में लिया है.”

सारिथ और स्वप्‍ना यूएई कंसुलेट कार्यालय में साथ काम कर चुके हैं और बाद में स्वप्‍ना ने आईटी विभाग से जुड़ी एक हाई-प्रोफाइल नौकरी जॉइन कर ली, जिसके शिवशंकर सचिव थे.

स्वप्‍ना की डिग्री फर्जी

एनआईए इस बात की भी जांच कर सकती है कि कही किसी गोपनीय फाइल की गोपनीयता तो भंग नहीं हुई है. इस बीच, कई रिपोर्ट आई हैं कि स्वप्‍ना की स्नातक की डिग्री फर्जी है और उसके खुद के भाई के अनुसार, उसे नहीं पता कि वह कक्षा 10 भी पास है या नहीं.

कांग्रेस ने की NIA-CBI-RAW जांच की मांग

इस मामले से केरल में राजनीतिक तूफान खड़ा हो गया है और राज्य के वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) से सोना तस्करी मामले की एक एनआईए-सीबीआई-रॉ जांच के आदेश देने का आग्रह किया है. वहीं पार्टी ने पहले ही सीएम विजयन के इस्तीफे की मांग की है और Covid-19 के प्रोटोकॉल्स के बावजूद पूरे राज्य में विरोध प्रदर्शन आयोजित किया है.

देखिये परवाह देश की सोमवार से शुक्रवार टीवी 9 भारतवर्ष पर हर रात 10 बजे

Related Posts