हिम्मत है तो गिरफ्तार करो वर्ना जनता से माफी मांगें मनोज तिवारी: मनीष सिसोदिया

“अगर 2,000 करोड़ रुपये के घोटाले का आरोपी दिल्ली में खुला घूम रहा है, तो इससे ज्यादा शर्मनाक बात बीजेपी के लिए और क्या हो सकती है?”

नई दिल्ली: सोमवार का दिन दिल्ली की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोपों के नाम रहा. दोपहर 1 बजे दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी ने दिल्ली के डिप्टी सीएम और शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया पर सरकारी स्कूलों में चल रहे निर्माण कार्य को लेकर 2 हजार करोड़ रुपए के घोटाले का आरोप लगाया. इसके जवाब में सिसोदिया ने प्रेस कांफ्रेंस की आक्रामकता रुख अपनाते हुए जवाब दिया. साथ ही मनोज तिवारी को चुनौती दी कि अगर भ्रष्टाचार हुआ है तो वे उन्हें गिरफ्तार करवाएं.

मनोज तिवारी के आरोपों का जवाब देते हुए मनीष सिसोदिया ने कहा कि, ‘अगर 2,000 करोड़ रुपये के घोटाले का आरोपी दिल्ली में खुला घूम रहा है, तो इससे ज्यादा शर्मनाक बात बीजेपी के लिए और क्या हो सकती है?  हिम्मत है तो अरेस्ट करो. मैं चुनौती देता हूं कि या तो शाम तक मुझे अरेस्ट कीजिए या दिल्ली की जनता से माफी मांगिये. आपके पास सारी एजेंसियां हैं, केंद्र सरकार आपकी है, आप मुझे अरेस्ट करवाइये.’

दिल्ली सरकार की प्रेस कांफ्रेंस के बाद दिल्ली सीएम ने भी एक को बाद एक कई ट्वीट किए-

“पहली बार गरीब बच्चे इतने अच्छे स्कूलों में पढ़ने लगे. पहले केवल अमीर बच्चों को ऐसे स्कूल नसीब होते थे. अब ऑटो, आया, मज़दूरों के बच्चे डाक्टर,इंजीनियर, वक़ील बनने लगे हैं. भाजपा ऐसा नहीं चाहती. इसीलिए भाजपा ने जान बूझकर अपने राज्यों में स्कूलों को ख़राब रखा हुआ है.”

“हर गरीब आदमी का सपना है कि उसका बच्चा बहुत बढ़िया स्कूल में पढ़े. आज हमने उस ग़रीब का सपना पूरा किया है. पहले दिल्ली के 70% बच्चे टूटे स्कूलों में पढ़ते थे. अब ये बच्चे शानदार स्कूलों में पढ़ने लगे हैं. आज़ादी के दीवानों का यही सपना था, इसीलिए उन्होंने क़ुर्बानी दी थी.”

मनीष सिसोदिया ने मनोज तिवारी पर कई हमले किए. साथ ही बीजेपी को चुनौती दी कि वे बीजेपी शासित प्रदेशों में अच्छे स्कूलों की गिनती करके दिखाए. सिसोदिया ने कहा कि,’भाजपा की सरकार वाले राज्यों में घूम लेंगे तो 10 स्कूल नहीं मिलेंगे. आपने पूरे देश में 10 अच्छे स्कूल नहीं बनाए और आप हमारे ऊपर सवाल उठा रहे हैं.’

दरअसल इन आरोप-प्रत्यारोपों के पीछे की वजह एक RTI है. दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री मदनलाल खुराना के बेटे और बीजेपी नेता हरीश खुराना ने एक RTI दिल्ली सरकार के PWD विभाग में दायर की थी और RTI से मिली जानकारी को आधार बनाकर दिल्ली बीजेपी आम आदमी पार्टी सरकार पर हमला बोला और डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया से इस्तीफे की मांग की. हालांकि दिल्ली सरकार ने साफ किया है कि अभी जब स्कूलों में निर्माण कार्य जारी है ऐसे में भ्रष्टाचार के आरोप एक दम बेबुनियाद हैं.

दिल्ली के राजनीति गणित पर नजर डालें तो 2015 के विधानसभा चुनावों में AAP को 70 में से 67 सीटों पर जीत मिली थी और अब दिल्ली विधानसभा चुनावों में 6 महीने से भी कम समय बचा है, ऐसे में दिल्ली सरकार स्कूलों में कराए कार्यों को जनता तक पहुंचना चाहती है. वहीं हाल ही में हुए लोकसभा चुनावों में बीजेपी ने दिल्ली की सभी 7 सीटों पर जीत दर्ज की थी और आने वाले समय में विधानसभा चुनावों में भी बीजेपी जरूर नतीजे अपने पक्ष में चाहेगी.