CBI का वो ऑफिसर जिसने सबसे पहले फांदी पी चिदंबरम के घर की दीवार, VIDEO

करीब दो साल पहले सीबीआई ने इस केस में एफआईआर दर्ज की थी जिसमें यूपीए सरकार के पूर्व मंत्री पी. चिदंबरम कार्ति चिदंबरम की संलिप्तता की बात सामने आ रही थी. पार्थसारथी ने उस जांच को आगे बढ़ाया.

नई दिल्ली: 24 घंटे के हाई-वोल्टेज ड्रामे के बाद बुधवार की रात पूर्व केन्द्रीय मंत्री पी. चिदंबरम (P.Chidambaram) के जोर बाग स्थित आवास से गिरफ्तार कर लिया गया. गेट के बाहर गेट पर दिल्ली पुलिस के अधिकारी रोजाना की तरह बतौर गार्ड खड़े थे. चिदंबरम का घर सुरक्षा के लिहाज से किला में तब्दील था.

लेकिन, बड़ी ही शांतिपूर्वक सीबीआई (CBI) की दो टीमें बाउंड्री को छलांग लगाते हुए अंदर गए. आईएनएक्स मीडिया (INX Media)  केस की जांच कर रहे सीबीआई ऑफिसर आर. पार्थसारथी टीम की अगुवाई करते हुए चिदंबरम के घर की दीवार फांदते हुए अंदर गए और उन्हें वहां से आधे घंटे बाद सीबीआई मुख्यालय लेकर आए.

करीब दो साल पहले सीबीआई ने इस केस में एफआईआर दर्ज की थी जिसमें यूपीए सरकार के पूर्व मंत्री पी. चिदंबरम कार्ति चिदंबरम की संलिप्तता की बात सामने आ रही थी. पार्थसारथी ने उस जांच को आगे बढ़ाया. बता दें कि आईएनएस मीडिया केस में दो साल पहले सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की थी.

पी चिदंबरम, CBI का वो ऑफिसर जिसने सबसे पहले फांदी पी चिदंबरम के घर की दीवार, VIDEO

मामला 2007 में मनी लॉन्‍ड्र‍िंग से जुड़ा हुआ है. लिहाजा, मामले की जांच ईडी भी कर रही है. आईएनएस मीडिया समूह को 305 करोड़ रुपये की विदेशी फंडिंग नियमों को दरकिनार करते हुए की गई थी. देश में यूपीए की सरकार थी. आरोप है कि इस अनियमितता में तत्‍कालीन वित्त मंत्री पी. चिदंबरम और उनके बेटे कार्ति चिदंबरम की संलिप्तता है.

सीबीआई डिप्टी सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस पार्थसारथी ने पिता-पुत्र के खिलाफ लगातार अपनी जांच जारी रखी. सीबीआई ने यह आरोप लगाया कि आईएनएक्स मीडिया को साल 2007 में 305 करोड़ रुपये के विदेशी फंड के लिए फॉरेन इनवेस्टमेंट प्रमोशन बोर्ड (एफआईपीबी) में अनियमितता बरती गई थी. उस वक्त पीच चिदंबरम यूपीए-1 सरकार में वित्त मंत्री थे.

सीबीआई अधिकारी पार्थसारथी के साथ सीबीआई में काम करने वाले पूर्व अधिकारी उन्हें एक शांत और कर्तव्यनिष्ठ ऑफिसर बताते हैं, जो आईएनएक्स मीडिया केस को कानूनी तौर पर अंतिम निष्कर्ष पहुंचते हुए देखना चाहते हैं. पार्थसारथी के बारे में बताया जाता है कि वो अपने कर्तव्यों के प्रति काफी संजीदा रहते हैं. पार्थसारथी इस केस को अपने सामने ही क्लोज करना चाहते हैं.