फांसी से पहले उड़ी निर्भया गैंगरेप के दोषियों की नींद, घबराहट में नहीं खा रहे खाना

चारों आरोपी बेचैनी में सेल के अंदर देर रात तक चक्कर काटते पाए गए हैं. चारों आरोपियों को इस तरह से खाना दिया जा रहा है कि उनका ब्लडप्रेशर सही बना रहे.

दिल्ली में साल 2012 में निर्भया गैंगरेप को अंजाम देने वाले चार गुनाहगारों को फांसी की सजा सुनाई गई है. इनमें से मुकेश, विनय और पवन की पुनर्विचार याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज किया है वहीं अक्षय सिंह की पुनर्विचार याचिका कोर्ट में अभी पेंडिंग है और दोषियों की दया याचिका पर भी राष्ट्रपति की प्रतिक्रिया नहीं आई है. माना जा रहा है कि चारों दोषियों को दिसंबर के अंत तक फांसी दी जा सकती है.

ऐसे में तिहाड़ जेल में कैद चारों दोषियों अक्षय, विनय, मुकेश और पवन की भूख-प्यास मर चुकी है और उनकी नींद उड़ी हुई है. माहौल कुछ ऐसा है मानों उन्हें अपने आखिरी दिनों की भनक लग गई हो.

निर्भया गैंगरेप के तीन आरोपी अक्षय पवन और मुकेश को जेल नंबर 2 और विनय को जेल नंबर 4 में रखा गया है. खबरों के मुताबिक अपनी मौत की भनक लगते ही चारों दोषियों की हवाइयां उड़ी हुई हैं. सभी इतने घबराए हुए हैं कि उनसे ढंग से खाना नहीं खाया जा रहा है. चारों आरोपी बेचैनी में सेल के अंदर देर रात तक चक्कर काटते पाए गए हैं. चारों आरोपियों को इस तरह से खाना दिया जा रहा है कि उनका ब्लडप्रेशर सही बना रहे.

भले ही चारों दोषियों की फांसी मिलने वाली दया याचिका पर अभी राष्ट्रपति का फैसला नहीं आया है मगर माना जा रहा है कि तिहाड़ जेल में फांसी दिए जाने की तैयारियां शुरू हो गई हैं. उम्मीद लगाई जा रही है कि दोषियों को दिसंबर माह के अंत तक फांसी दी जा सकती है.

यूपी से आ सकता है जल्लाद

निर्भया केस के दोषियों को फांसी देने के लिए तिहाड़ जेल में जल्‍लाद नहीं है. जेल प्रशासन ने उत्‍तर प्रदेश की जेलों से जल्‍लाद मंगाने को लिखा है. यूपी जेल विभाग के अनुसार, राज्‍य में दो जल्‍लाद हैं जिनमें से किसी एक को यह ड्यूटी दी जा सकती है.

बक्सर से आ सकती है फांसी की रस्सी

तिहाड़ जेल के सीनियर ऑफिसर के मुताबिक दोषियों को फांसी के फंदे में लटकाने के लिए बक्सर से रस्सी मंगाई जा सकती है. इसके लिए बक्सर प्रशासन से संपर्क किया गया है. फांसी देने के लिए बक्सर से खास तौर पर 11 रस्सियां मंगाई जानी हैं.