ऑपरेशन ‘चिंगारी’: डॉक्टर, मरीज, कर्मचारी सबके लिए खतरनाक हैं दिल्ली के ये हॉस्पिटल

देखिए दिल्ली में मौजूद उन अस्पतालों की पूरी पड़ताल जहां मरीजों और स्टाफ को आगजनी से बचाने के लिए कोई खास तैयारी नहीं है...

दो दिन पहले AIIMS में आग लगी थी जिसे काबू करने में फायरब्रिगेड की 40 गाड़ियों को करीब 7 घंटे का वक्त लगा. इस दौरान देश के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल में अफरातफरी का माहौल रहा. इस अस्पताल में राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री से लेकर गांव-गांव के लोग भी इलाज करवाते हैं.

जब देश के नामी अस्पताल का ये हाल है तो दूसरे अस्पतालों का हाल न जाने क्या ही होगा. ऐसे में टीवी9 भारतवर्ष की टीम दिल्ली के दूसरे सरकारी अस्पतालों की सच्चाई जानने पहुंची और खूफिया कैमरों में होश उड़ाने वाली सच्चाई सामने आई.

टीवी9 भारतवर्ष की टीम ने करीब आधा दर्जन अस्पतालों का रियलिटी टेस्ट किया. ऐसे में किसी अस्पताल में आग बुझाने वाले सिलेंडर खाली मिले, तो कहीं सिलेंडर गैस रीफिल पर एक्सपायरी डेट नहीं मिली वहीं कुछ अस्पतालों में फायर डिपार्टमेंट के कर्मचारी ही नहीं मिले.

Delhi Hospital, ऑपरेशन ‘चिंगारी’: डॉक्टर, मरीज, कर्मचारी सबके लिए खतरनाक हैं दिल्ली के ये हॉस्पिटल

ऑपरेशन चिंगारी का मकसद सिर्फ ये जानना था कि अगर भगवान न करे किसी बड़े अस्पतालों में एम्स जैसा हादसा हो गया, कोई चिंगारी भड़क गई तो क्या होगा? यही सच आपके सामने लाने के लिए हमारी अलग-अलग टीमें दिल्ली में निकलीं.