पाकिस्तान की ग्लोबल बेइज्जती का दौर जारी, कश्मीर पर नहीं मिला समर्थन

कश्मीर पर प्रस्ताव पेश करने की आज आखिरी तारीख थी, लेकिन पाकिस्तान ऐसा नहीं कर पाया. प्रस्ताव पेश करने के लिए कम से कम 16 देशों के समर्थन की जरूरत थी.

नई दिल्ली: आर्टिकल 370 पर पाकिस्तान की एक बार फिर ग्लोबली बेइज्जती हुई है.संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (UNHRC) में कश्मीर के लिए प्रस्ताव पेश करने का आज आखिरी दिन था, लेकिन पाकिस्तान आवश्यक समर्थन हासिल करने में असफल रहा. सूत्रों के मुताबिक ज्यादातर सदस्यों ने कश्मीर पर प्रस्ताव रखने के लिए पाकिस्तान का समर्थन करने से इनकार कर दिया.

दरअसल, कश्मीर पर प्रस्ताव पेश करने की आज आखिरी तारीख थी, लेकिन पाकिस्तान ऐसा नहीं कर पाया. प्रस्ताव पेश करने के लिए कम से कम 16 देशों के समर्थन की जरूरत थी. दुनिया के अलग-अलग देशों के सामने जाकर कश्मीर का रोना रोने वाला पाकिस्तान समर्थन जुटाने में नाकाम रहा. जेनेवा में UNHRC का 42 वां सत्र चल रहा है.

नियम कहता है कि किसी भी देश के प्रस्ताव पर कार्रवाई करने से पहले न्यूनतम समर्थन की जरूरत होती है. पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने इस्लामाबाद से जेनेवा के लिए रवाना होने से पहले कश्मीर पर प्रस्ताव का वादा किया था. UNHRC में इस्लामी सहयोग संगठन (ओआईसी) के 15 देश हैं. पाकिस्तान को उम्मीद थी कि वह इसके बाद समर्थन जुटा लेगा. कश्मीर के मुद्दे पर एक संयुक्त बयान के प्रबंधन के बाद भी इस्लामाबाद वोट नहीं जुटा पाया.