बर्फबारी की आड़ में सीजफायर का उल्लंघन कर आतंकियों की घुसपैठ करा रहा पाकिस्तान

इस साल तकरीबन 2317 बार पाकिस्तान की तरफ से सीजफायर का उल्लंघन किया गया, यह आंकड़ा 2018 में 1600 था. इस बार पाकिस्तान ने सीजफायर वायलेशन बढ़ा दिया है.

भारी बर्फबारी से घाटी में घुसपैठ के रास्ते बंद होने के बाद पाकिस्तानी सेना, ISI और आतंकी संगठनों के आकाओं ने जम्मू संभाग से घुसपैठ की साजिश रची है. इसी साजिश के तहत LOC से लगे पुंछ और राजौरी के रास्ते घुसपैठ कराने की कोशिशें की जा रही हैं. सीमा पार लॉन्चिंग पैड को और सक्रिय कर दिया गया है. आतंकियों को धकेलने के लिए आए दिन कवर फायर देकर अग्रिम चौकियों के साथ ही रिहायशी इलाकों को निशाना बनाने की असल मंशा यही है.

इस साल तकरीबन 2,317 बार पाकिस्तान की तरफ से सीजफायर का उल्लंघन किया गया, यह आंकड़ा 2018 में 1600 था. इस बार पाकिस्तान ने सीजफायर वायलेशन बढ़ा दिया है. आर्टिकल 370 हटाने के बाद पाकिस्तान बुरी तरीके से बौखला गया है. पाकिस्तान चाहता है कि आतंकियों को जम्मू कश्मीर में दाखिल कराया जाए ताकि जम्मू कश्मीर में जिस तरीके से शांति बनी हुई है, उसमें खलल डाला जा सके.

उत्तरी कश्मीर में बारामुला, बांदीपोरा और कुपवाड़ा से जुड़े LOC पर कई फुट बर्फ जमा हो गई है. रास्ते बंद होने के कारण यहां से घुसपैठ होना काफी मुश्किल है. बर्फबारी ठीक से हुई तो दिसंबर मध्य तक जम्मू संभाग में घुसपैठ के रास्ते भी बंद हो जाएंगे. इस कारण पुंछ जिले के बालाकोट से शाहपुर तक लगभग 100 किलोमीटर के दायरे को घुसपैठ के लिए इस्तेमाल किए जाने की साजिश की गई है.

बालाकोट, कीरनी, कस्बा, मालटी, दिगवार, बलनोई, मनकोट, शाहपुर आदि रिहायशी इलाकों में सीमा पार 40 से अधिक लॉन्चिंग पैड के और सक्रिय किए जाने की सुरक्षा एजेंसियों के पास इनपुट हैं. प्रत्येक लॉन्चिंग पैड पर 5-10 प्रशिक्षित आतंकी रखे गए हैं. पाकिस्तानी सेना लगातार इनके संपर्क में हैं.

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