Parliamentarian Narayan Sahu University in Odisha PhD Utkal University in Odisha, रास न आए पॉलिटिक्स के दांव पेंच तो  81 की उम्र में PhD करने चल दिए भुवनेश्वर
Parliamentarian Narayan Sahu University in Odisha PhD Utkal University in Odisha, रास न आए पॉलिटिक्स के दांव पेंच तो  81 की उम्र में PhD करने चल दिए भुवनेश्वर

रास न आए पॉलिटिक्स के दांव पेंच तो 81 की उम्र में PhD करने चल दिए भुवनेश्वर

Parliamentarian Narayan Sahu University in Odisha PhD Utkal University in Odisha, रास न आए पॉलिटिक्स के दांव पेंच तो  81 की उम्र में PhD करने चल दिए भुवनेश्वर

नई दिल्ली: चाहे उम्र 81 की हो या 18 कीइससे कोई फ़र्क़ नहीं पड़ता. जब कुछ करने की चाहत हो तो सब कुछ करना मुमकिन है. वाकई पढ़ने और सीखने की कोई उम्र नहीं होती. इस बात को साबित कर दिखाया पीएचडी कर रहे एक ऐसे शख्स ने जो लोकसभा तक में अपनी आवाज बुलंद कर चुका है.

 

कैसा रहा सफर

आरामदायक जिंदगी गुजर बसर कर चुके ओडिशा के इस 81 साल के राजनेता से छात्र बने नारायण साहू की कहानी में ट्विस्ट है. आज से करीब 19 साल पहले जब ये 1980 में देवगढ़ से सांसद चुने गए थेतब राजनीति को काफी पसंद करते थे और इसमें कुछ कर गुजरने का नशा सवार थापर आज वो हिरन हो चुका है. राजनीति में बहुत कुछ गलत होने की वजह से इनके बेचैन मन ने इस रास्ते को अलविदा कह दिया. ज्यादा कुछ न बताते हुए इन्होंने सिर्फ इतना कहा कि पॉलिटिक्स हम जैसे लोगों के लिए नहीं है.

 

पैसा ही सब कुछ नहीं होता

उत्कल यूनिवर्सिटी से पीएचडी कर रहे साहू यहां एकदम साधारण जीवन बिता रहे हैंलाव लश्कर और शोर से कोसों दूर. पलहरा से दो बार विधायक चुना गया यह शख्स हॉस्टल के एक छोटे से कमरे में रहकर विद्या अर्जन करने में जुटा है. इस कमरे में एक बेड भी हैजो चारों तरफ से मच्छरदानी से घिरा हुआ है और दीवारों में परिवार की फोटो लगी हुई हैं. वो कहते हैंपॉलिटिक्स में न तो कोई नियम है और न ही कोई सिद्धांत. मुझे तब सबसे ज्यादा ख़ुशी हुई जब मेरा दाखिला यहां हो गया.

 

1965 में रावेनशॉ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएट साहू की पढ़ाई के लिए ललक इसी से साबित होती है कि करीब 46 साल बाद 2011 में पीजी की डिग्री हासिल की. इसके बाद एमफिल और फिर जुट गए पीएचडी में. क्लास में अपने दोस्तों से काफी घुल मिल गए साहू उनसे खुलकर अपने अनुभव भी साझा करते हैं. उत्कल यूनिवर्सिटी के अधिकारी भी इनकी तारीफ़ करने से नहीं चूकते.

Parliamentarian Narayan Sahu University in Odisha PhD Utkal University in Odisha, रास न आए पॉलिटिक्स के दांव पेंच तो  81 की उम्र में PhD करने चल दिए भुवनेश्वर
Parliamentarian Narayan Sahu University in Odisha PhD Utkal University in Odisha, रास न आए पॉलिटिक्स के दांव पेंच तो  81 की उम्र में PhD करने चल दिए भुवनेश्वर

Related Posts

Parliamentarian Narayan Sahu University in Odisha PhD Utkal University in Odisha, रास न आए पॉलिटिक्स के दांव पेंच तो  81 की उम्र में PhD करने चल दिए भुवनेश्वर
Parliamentarian Narayan Sahu University in Odisha PhD Utkal University in Odisha, रास न आए पॉलिटिक्स के दांव पेंच तो  81 की उम्र में PhD करने चल दिए भुवनेश्वर