presentation in council of ministers meeting, मंत्रिपरिषद की बैठक में योजनाओं से खुश नहीं दिखे पीएम मोदी, कहा- लेकर आएं ‘Impactful’आइडिया
presentation in council of ministers meeting, मंत्रिपरिषद की बैठक में योजनाओं से खुश नहीं दिखे पीएम मोदी, कहा- लेकर आएं ‘Impactful’आइडिया

मंत्रिपरिषद की बैठक में योजनाओं से खुश नहीं दिखे पीएम मोदी, कहा- लेकर आएं ‘Impactful’आइडिया

पीएम मोदी की योजना के मुताबिक एक जैसी प्रकृति वाले मंत्रालयों को एक समूह में रखा गया था ताकि नीतियों को तेजी से और बेहतर तरीके से लागू किया जा सके.
presentation in council of ministers meeting, मंत्रिपरिषद की बैठक में योजनाओं से खुश नहीं दिखे पीएम मोदी, कहा- लेकर आएं ‘Impactful’आइडिया

नए साल में हुई मंत्रिपरिषद की पहली मैराथन बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बड़े आइडिया के सामने नहीं आने पर नाखुशी जाहिर की थी. अगले पांच साल तक के लिए देश की कार्ययोजना पर विभिन्न मंत्रालयों के सचिवों के समूह के प्रजेंटेशन होते वक्त कई जरूरी नाम बैठक से नदारद थे. बीते सप्ताह शुक्रवार और शनिवार को हुई इस बैठक में पीएम मोदी की अपेक्षाओं से उलट मामला बन गया था.

इंडियन एक्सप्रेस में छपी खबर के मुताबिक स्वास्थ्य, शिक्षा, कानून व्यवस्था, तकनीक और सुशासन जैसे विषयों पर मंत्रालयों के सचिवों के प्रजेंटेशन के दौरान कई बड़े नाम मौजूद नहीं थे. इसके अलावा प्रजेटेंशन के दौरान असरदार आइडिया की कमी की बात भी सामने आई. बैठक में विभिन्न मंत्रालयों को तय सेक्टर में कार्ययोजना के लिए सामूहिक तौर पर काम करना था. सचिवों के ऐसे 10 समूहों को पीएम मोदी की ओर से फिर से साथ बैठने के संकेत दिए गए.

बैठक में मौजूद वरिष्ठ नौकरशाहों में एक ने बताया कि पीएम मोदी आमतौर पर खुश रहते हैं पर वहां ऐसा नहीं दिखा. बैठक में सामने आए नतीजों पर पीएम मोदी ने कहा था कि दो-तीन बड़े आइडिया के साथ सामने आइए जो काम के तरीके को बदल सके. कैबिनेट सचिव के आदेश से समूह के नियमों में शामिल शब्द ‘इंपैक्टफुल’ यहां साकार नहीं हो सका. उन्होंने अफसरों से अपने मंत्रियों के साथ बुनियादी तथ्यों पर बात करने के लिए भी कहा. उन्होंने बैठक में विभिन्न सेक्टर्स के समूह बनाकर बात करने के मकसद के पूरा होने में कमी को भी रेखांकित किया.

दूसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने के बाद 31 मई 2019 को कैबिनेट की बैठक में पीएम मोदी ने विभिन्न मंत्रालयों और उनके नौकशाहों को तय सेक्टर्स के हिसाब से 6 महीने में पांच साल की कार्ययोजना बनाने की बात कही थी. उन्होंने सभी मंत्रालयों से एक दूसरे के साथ समन्वय और पारदर्शिता के साथ योजना पर काम करने के लिए कहा था. इसकी समीक्षा को लेकर बीते साल 21 दिसंबर को भी पीएम मोदी की अध्यक्षता में मंत्रिपरिषद की बैठक की गई थी.

पीएम मोदी की योजना के मुताबिक एक जैसी प्रकृति वाले मंत्रालयों को एक समूह में रखा गया था ताकि नीतियों को तेजी से और बेहतर तरीके से लागू किया जा सके. संसाधनों के समूह में ऊर्जा, जल शक्ति, इंफ्रास्ट्रक्चर से संबंधित विभाग हैं. ऐसे ही दूसरे समूह में पेट्रोलियम, कार्मिक विभाग, कानून, आईटी जैसे मंत्रालयों पर चर्चा की गई. मंत्रालयों को कृषि, स्वास्थ्य, शासन और प्रौद्योगिकी जैसे समूहों में बांटा गया है.

ये भी पढ़ें –

मंत्रिपरिषद की मैराथन बैठक में 2024 तक के टारगेट तय, पीएम मोदी बोले- वक्त पर हो काम

16 देशों के राजदूत आज जाएंगे जम्मू-कश्मीर, हालात का लेंगे जायजा

presentation in council of ministers meeting, मंत्रिपरिषद की बैठक में योजनाओं से खुश नहीं दिखे पीएम मोदी, कहा- लेकर आएं ‘Impactful’आइडिया
presentation in council of ministers meeting, मंत्रिपरिषद की बैठक में योजनाओं से खुश नहीं दिखे पीएम मोदी, कहा- लेकर आएं ‘Impactful’आइडिया

Related Posts

presentation in council of ministers meeting, मंत्रिपरिषद की बैठक में योजनाओं से खुश नहीं दिखे पीएम मोदी, कहा- लेकर आएं ‘Impactful’आइडिया
presentation in council of ministers meeting, मंत्रिपरिषद की बैठक में योजनाओं से खुश नहीं दिखे पीएम मोदी, कहा- लेकर आएं ‘Impactful’आइडिया