SC से एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड को मिली राहत, नहीं खाली करना होगा हेराल्ड हाउस

दिल्ली हाईकोर्ट ने 28 फरवरी को नेशनल हेराल्ड न्यूजपेपर के प्रकाशक की अपील खारिज कर दी थी. इससे पहले दिल्ली हाई कोर्ट के एक सदस्यीय बेंच ने एजेएल को हेराल्ड हाउस खाली करने के निर्देश दिया था.

नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट से नेशनल हेराल्ड मामले में एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (एजेएल) को राहत मिली है. SC ने दिल्ली हाईकोर्ट के हेराल्ड बिल्डिंग खाली करने के निर्देश पर रोक लगा दी है. नेशनल हेराल्ड के प्रकाशक एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (एजेएल) ने इसे लेकर सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था.

चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पीठ ने उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ एसोसिएटिड जर्नल लिमिटेड की अपील पर भूमि और विकास कार्यालय को नोटिस जारी किया है.

याचिका पर सुनवाई करके हुए रंजन गोगोई ने कहा कि हमें यह तय करना है कि क्या AJL द्वारा यंग इंडियन में शेयर का ट्रांसफर करना लीज के ट्रांसफर करने समान होगा?

दिल्ली हाईकोर्ट ने 28 फरवरी को नेशनल हेराल्ड न्यूजपेपर के प्रकाशक की अपील खारिज कर दी थी. इससे पहले दिल्ली हाई कोर्ट के एक सदस्यीय बेंच ने एजेएल को हेराल्ड हाउस खाली करने के निर्देश दिया था.

एजेएल की याचिका में दिल्ली हाईकोर्ट के एक जज के फैसले को चुनौती दी गई थी जिसमें दिल्ली स्थित हेराल्ड हाउस को दो सप्ताह के अंदर खाली करने का आर्डर दिया गया था.

केंद्र ने 56 साल पुरानी लीज का अंत कर दिया और कहा कि हेराल्ड हाउस परिसर में पिछले दस साल से कोई प्रेस नहीं चलाई जा रही है और इसका कॉमर्शियल इस्तेमाल किया जा रहा है.

एजेएल ने कहा कि दिल्ली उच्च हाईकोर्ट का आदेश केंद्र के बिना किसी हलफनामे या सबूत दिए सिर्फ मौखिक तर्कों पर आधारित था. प्रकाशक ने यह भी दावा किया कि सुप्रीम कोर्ट ने इस तथ्य पर विचार नहीं किया कि ‘प्रकाशन’ में डिजिटल प्रकाशन शामिल है और इसमें छपाई का पारंपरिक तरीका शामिल नहीं है.