तिरुचिरापल्ली मंदिर में मारे गए लोगों के परिजनों को प्रधानमंत्री राहत कोष से दिए जाएंगे 2-2 लाख रुपए

तिरुचिरापल्ली मंदिर में भगदड़ मचने के बाद सात लोगों की मौत हो गई. प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट कर मृतकों के प्रति संवेदना व्यक्त की.

तिरुचिरापल्ली से लगभग 45 किलोमीटर दूर थुरअयूर के पास स्थित एक मंदिर में दर्दनाक हादसा हुआ. ये हादसा रविवार को एक समारोह के दौरान भगदड़ मचने से हुआ. हादसे में सात श्रद्धालुओं की मौत और 10 लोगों के घायल होने की बात सामने आई है.

दरअसल समारोह के दौरान सिक्कों का वितरण किया जाना था. जैसे ही सिक्कों का वितरण शुरू हुआ श्रद्धालुओं के बीच भगदड़ मच गई. इस भगदड़ में चार महिलाओं समेत सात लोगों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई. इसके अलावा 10 लोगों को गंभीर चोट पहुंची है. घायल लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी मंदिर में भगदड़ के दौरान मारे गए लोगों के प्रति संवेदना जाहिर की है. साथ ही प्रधानमंत्री मोदी ने मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपए सहायता राशि देने का ऐलान किया है. साथ ही इस भगदड़ में जख्मी होने वालों को 50 हजार रुपए प्रधानमंत्री राहत कोष से देने का ऐलान किया है. प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट कर कहा कि त्रिची के मंदिर में मारे गए लोगों की मौत से आहत हूं. मेरी संवेदनाएं मृतकों के परिजनों के साथ हैं.

गौरतलब है कि पडीकसु समारोह में हर साल इस मंदिर में सिक्कों का वितरण किया जाता है. इसके लिए बड़ी संख्या में गांवों के लोग एकट्ठे होते हैं. लोगों की आस्था है कि मंदिर में मिले हुए सिक्के पास में रखने से घर में समृद्धि बढ़ती है. मंदिर के एक अधिकारी के मुताबिक बेकाबू हुई भीड़ को नियंत्रित करने के लिए कोई प्रयास नहीं किया गया था और न ही वहां पर्याप्त सुरक्षाकर्मी उपलब्ध थे.