नौसेना प्रमुख नहीं बनाए जाने पर वाइस एडमिरल बिमल वर्मा पहुंचे कोर्ट

वाइस एडमिरल करमबीर सिंह वाइस एडमिरल बिमल वर्मा को सुपरसीड करते हुए एडमिरल सुनील लांबा के रिटायर होने के बाद नए नौसेना प्रमुख के रूप में पदभार संभालेंगे

नई दिल्ली: अपने जूनियर वाइस एडमिरल करमबीर सिंह को नौसेना का अगला प्रमुख बनाए जाने से नाराज वाइस एडमिरल बिमल वर्मा सरकार के इस फैसले के खिलाफ सशस्त्र बल ट्रिब्यूनल (Armed Forces Tribunal) पहुंच गए हैं. वाइस एडमिरल बिमल वर्मा ने सरकार पर उनकी वरिष्ठता की अनदेखी करने का आरोप लगाया है. ट्रिब्यूनल में उनकी बेटी उनका प्रतिनिधित्व करेंगी.

बता दें कि वाइस एडमिरल करमबीर सिंह वाइस एडमिरल बिमल वर्मा को सुपरसीड करते हुए एडमिरल सुनील लांबा के रिटायर होने के बाद नए नौसेना प्रमुख के रूप में पदभार संभालेंगे. मौजूदा नौसेना प्रमुख एडमिरल सुनील लांबा 31 मई 2019 को रिटायर हो रहे हैं.

मालूम हो कि यह दूसरी बार है कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने सेना प्रमुखों की नियुक्ति में योग्यता के लिए वरिष्ठता की अनदेखी की है. इससे पहले साल 2016 में जनरल बिपिन रावत भी सेना की पूर्वी कमान के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल प्रवीण बख्शी को सुपरसीड करते हुए थल सेना के प्रमुख नियुक्त किए गए थे.

वाइस एडमिरल करमबीर सिंह अक्टूबर 2017 से पूर्वी नौसेना की कमान संभाल रहे हैं. वह पहले हेलीकॉप्टर पायलट हैं जो नौसेना प्रमुख होंगे. एक हेलीकॉप्टर पायलट के रूप में, वाइस एडमिरल करमबीर सिंह ने चेतक और कामोव को उड़ाए हैं. अपने शानदार करियर में, वाइस एडमिरल ने आईसीजी चांदबीबी (भारतीय तटरक्षक बल का पेट्रोल क्राफ्ट), आईएनएस विजयदुर्ग (मिसाइल शिप), आईएनएस राणा और आईएनएस दिल्ली (विध्वंसक) सहित चार जहाजों की कमान संभाली है.