गोडसे को देशभक्त बताने वाली प्रज्ञा ठाकुर को मन से माफ नहीं कर पाएंगे तो क्या सज़ा मिलेगी?

पीएम मोदी ने प्रज्ञा ठाकुर के गोडसे पर दिए गए बयान को भयानक खराब बताया. कहा कि माफ नहीं कर पाऊंगा. तो पार्टी क्या सज़ा देने वाली है?

सोशल मीडिया में चल रही बतकही की मानें तो प्रज्ञा ठाकुर की राजनीति में बोहनी ही विवादित बयान और माफी मांगने के साथ हुई थी. जब उन्होंने आतंकियों से लड़कर शहीद हुए हेमंत करकरे को अपने श्राप से मरा हुआ बताया था तभी समझ जाना चाहिए था कि इनकी देशभक्ति की परिभाषा दूसरी है. इनकी नजर में देशभक्त कोई लीक से हटकर आदमी ही होगा. उन्होंने गोडसे का नाम लेने में भले इतने दिन लगा दिए लेकिन ये पहले ही तय हो गया था.

पीएम मोदी ने एक चैनल को इंटरव्यू देते हुए कहा कि प्रज्ञा ठाकुर ने गांधी के बारे में जो बोला वो बहुत खराब है. घृणा के लायक है. किसी भी सभ्य समाज के लिए अच्छी बात नहीं है. भले प्रज्ञा ने माफी मांग ली है लेकिन मैं उन्हें कभी मन से माफ नहीं कर पाऊंगा. मोदी जी न तो प्रज्ञा ठाकुर को माफ कर पाएंगे न उन्हें पार्टी से निकालकर पार्टी को साफ कर पाएंगे. इसके लिए जज करने से पहले ये याद रखना चाहिए कि वो गांधी जी के दर्शन पर चल रहे हैं. उन्होंने ही तो कहा था न कि ‘अपराध से घृणा करो अपराधी से नहीं.’

Pragya Thakur, गोडसे को देशभक्त बताने वाली प्रज्ञा ठाकुर को मन से माफ नहीं कर पाएंगे तो क्या सज़ा मिलेगी?

इसी दर्शन की वजह से केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार हेगड़े केंद्रीय मंत्री बने हुए हैं. उन्होंने प्रज्ञा ठाकुर के बयान को गंभीरता से लिया और सपोर्ट किया. मधु किश्वर के गोडसे सपोर्टर ट्वीट को रिट्वीट किया. एक और ट्वीट करते हुए लिखा कि अब माफी मांगने का नहीं आगे बढ़ने का वक्त है. अब नहीं तो कब? थोड़ी देर बाद ट्वीट किया कि कल से मेरा अकाउंट हैक हुआ पड़ा है. लेकिन सोशल मीडिया की तेज नजरों से कुछ नहीं बचता, वहां लोगों ने स्क्रीनशॉट लेकर रख लिया था.

Pragya Thakur, गोडसे को देशभक्त बताने वाली प्रज्ञा ठाकुर को मन से माफ नहीं कर पाएंगे तो क्या सज़ा मिलेगी?

राहुल गांधी ने वर्ड प्ले करते हुए ट्वीट किया कि बीजेपी और आरएसएस गॉड के नहीं गॉड से लवर्स हैं. विपक्ष का हमेशा से ये कहना रहा है कि बीजेपी की मूल सोच गोडसे को देशभक्त मानने वाली ही है. कभी साक्षी महाराज तो कभी प्रज्ञा ठाकुर के बहाने वो एक बयान का धेला फेंककर देख लेते हैं कि अब कितना हल्ला होता है. जिस दिन गोडसे को देशभक्त बोलने पर डिबेट होनी बंद हो गई या ट्विटर पर आई स्टैंड विद गोडसे का हैशटैग ट्रेंड कर गया उसी दिन सभी बड़े नेता उसी लाइन में आकर खड़े हो जाएंगे.

Pragya Thakur, गोडसे को देशभक्त बताने वाली प्रज्ञा ठाकुर को मन से माफ नहीं कर पाएंगे तो क्या सज़ा मिलेगी?

विपक्ष से लेकर चैनलों और जनता तक गांधी पर कुछ भी उल्टा सीधा सुनते और गोडसे को महिमामंडित होते देखकर आक्रामक हो जाते हैं. एक सुर में लानतें भेजी जाती हैं. तो आगे कदम बढ़ा चुके गोडसे समर्थक पांव पीछे खींच लेते हैं. सोशल मीडिया यूजर्स तो ये भी क्लेम करने लगे हैं कि प्रज्ञा ठाकुर बीजेपी की सैम पित्रोदा या मणिशंकर अय्यर हैं. कोई कहता है कि वो भस्मासुर हैं तो कोई गले की हड्डी बताता है. कोई कुछ भी कहे लेकिन उनको आतंक की आरोपी कहने वालों की संख्या इस बीच घट गई है ये प्रज्ञा के लिए सुकून की बात हो सकती है. वो गोडसे जैसे एक दो और लोगों को महान और देशभक्त बता दें तो उन पर लगे सारे दाग धुल जाएंगे.