चुनाव आयोग पर भड़कीं मायावती, कहा- संविधान के अधिकारों से किया जा रहा मुझे वंचित

मायावती ने कहा, देवबंद में हुई रैली में मेरे भाषण के चलते चुनाव आयोग में मेरी जनसभा रैली, रोडशो और मीडिया में मेरे बात करने से रोका गया है.
मायावती, चुनाव आयोग पर भड़कीं मायावती, कहा- संविधान के अधिकारों से किया जा रहा मुझे वंचित

लखनऊ: चुनाव आयोग ने सीएम योगी और बसपा नेता मायावती पर आचार संहिता के उल्लंघन का मामले में कड़ी कार्रवाई की है. इस कार्रवाई से नाखुश मायवाती ने रात में ही अपनी बात रखने के लिए प्रेस कॉन्फ्रेंस की.

मायावती ने कहा, देवबंद में हुई रैली में मेरे भाषण के चलते चुनाव आयोग में मेरी जनसभा रैली, रोडशो और मीडिया में मेरे बात करने से रोका गया है. मैंने 12 अप्रैल को चुनाव आयोग के नोटिस का जवाब 24 घण्टे के भीतर दिया. चुनाव आयोग ने 11 अप्रैल को दिए गए कारण बताओ नोटिस में कहीं भी ये आरोप नहीं लगाया था कि मैंने भड़काऊ भाषण दिया था.”

मायावती ने दी सफाई
मायावती ने ईसी के इस आदेश पर कहा, ‘नोटिस में सिर्फ एक आरोप था कि हमने किसी एक समाज के नाम पर वोट मांग रहे हैं. मैंने जवाब में बताया था कि मैंने किसी जाति और धर्म के नाम पर वोट नही मांगे थे. मेरी स्पष्ट मंशा थी कि मुसलमानों को नातेदारों और रिश्तेदारों के नाम पर नही बांटना चाहिये बल्कि एक तरफा वोट देना चाहिए.’

संविधान की दुहाई
मायावती ने आयोग को जवाब देते हुए लिखा कि मैंने किसी की धार्मिक भावना को नहीं भड़काया है. माया ने कहा मुझे भाषण की सीडी नहीं दी गयी है. मेरे जवाब को नजरअंदाज करके चुनाव आयोग ने मेरे ऊपर 48 घण्टे का प्रतिबंध लगा दिया. अंबेडकर के बनाये संविधान के अनुसार मिले अनु 19 के अधिकार से मुझे वंचित किया जा रहा है. आयोग को पहले मुझे सुनना चाहिए था.’

माया का आरोप
माया ने आयोग पर आरोप लगाते हुआ है कि बगैर सुनवाई के असंवैधानिक तरीके से क्रूरता पूर्वक मुझे प्रतिबंधित किया गया है ये इतिहास में काला दिवस के नाम से जाना जाएगा. इसके पीछे मंशा साफ है. ये गरीबों की आवाज को दबाने जैसा है.

बीजेपी पर निशाना
दूसरे चरण के मतदान को प्रभावित कर मुझे रैली से रोकने की कोशिश है. अगर मंशा साफ होती तो ये कार्यवाही दूसरे दौर के मतदान से पहले नहीं की जाती.
बीजेपी को आयोग ने माहौल खराब करने की छूट दे दी है. नरेंद्र मोदी और शाह के भाषणों पर कार्यवाही पर आयोग ने आंख कान बन्द कर लिए है.

लोकसभा चुनाव के बीच नेताओं के विवादित बयानों पर सुप्रीम कोर्ट के फटकार के बाद अब चुनाव आयोग ने सख्त रुख अपनाया है. आयोग ने यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ के चुनाव प्रचार पर 72 घंटे की रोक लगा दी है. वहीं बीएसपी सुप्रीमो मायावती 48 घंटे प्रचार नहीं कर पाएंगी. आयोग का यह आदेश मंगलवार सुबह 6 बजे से प्रभावी होगा.

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