आजादी के बाद जयपुर लोकसभा सीट पर कांग्रेस ने खेला ये नया दांव

आजादी के बाद कांग्रेस ने पहली बार जयपुर सीट से महिला प्रत्याशी का मौका दिया है. इससे पहले करीब 5 दशक तक गायत्री देवी ने स्वतंत्र पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ा था और जीत भी दर्ज कराई थी.

जयपुर: कांग्रेस ने राजस्थान की 19 लोकसभा सीट के लिए उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है. वहीं राजस्थान प्रदेश की राजधानी जयपुर की बात करें तो यहां जयपुर नगर निगम की पूर्व मेयर ज्योति खंडेलवाल को प्रत्याशी बनाया है.

आजादी के बाद कांग्रेस ने पहली बार जयपुर सीट से महिला प्रत्याशी का मौका दिया है. इससे पहले करीब 5 दशक तक गायत्री देवी ने स्वतंत्र पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ा था और जीत भी दर्ज कराई थी. हालांकि जयपुर लोकसभा सीट ज्योति खंडेलवाल के लिए किसी चुनौती से कम नहीं होगी, क्योंकि सांसद और वर्तमान बीजेपी उम्मीदवार रामचरण बोहरा ने यहां से जीतकर देश में चौथे नम्बर और राजस्थान में पहले नम्बर पर सबसे ज्यादा वोट से जीत दर्ज करके रिकॉर्ड बनाया था.

बोहरा ने यहां से 5 लाख 39 हजार 355 मतों से जीत हासिल की थी, लेकिन ज्योति खण्डेलवाल भी जयपुर में इतिहास रच चुकी हैं. खण्डेलवाल ने 2009 में जयपुर नगर निगम मेयर के सीधे चुनाव में बीजेपी प्रत्याशी सुमन शर्मा को 13 हजार वोटों से हराया था, इसलिए कांग्रेस ने ज्योति खंडेलवाल पर दाव खेला है.

जयपुर की सीट पर वोट की संख्या:
जयपुर शहर में कुल मतदाता 20,88,058 वोट हैं. वहीं महिला मतदाताओं की बात करें तो यहां पर उनके 9,87,797 वोट हैं. इस सीट पर 9,87,797 पुरष वोटर हैं, 21 थर्ड जेंडर वोटर हैं और साथ ही सर्विस वोटर 1026 हैं

ज्योति को फायदा
वेश्य वर्ग से ज्योति खंडेलवाल के होन से उनको फायदा मिल सकता है. जयपुर में बड़ी संख्या में वेश्य मतदाता हैं. ब्राहमण के बाद वेश्य समाज के मतदाता यहां बड़ी तादाद में है.

  • पूर्व और अपने बयानों के चलते विवादों में रहने वाली ज्योति का नाम हर कोई जनता है.
  • वर्ष 2009 में प्रदेश में कांग्रेस की सरकार थी. मेयर सीधे जनता ने चुना था. मेयर के चुनाव में ज्योति ने 4 लाख 32 हजार वोट हासिल किए थे और भाजपा की सुमन शर्मा को 13 हजार से ज्यादा मतों से हराया था, जिसके कारण ज्योति खंडेलवाल आत्मविश्ववास से भरी हुई हैं.
  • मेयर रहते समय सभी समाज के लोगों के साथ मिलकर काम किया.

ज्योति के सामने मुश्किलें
इस सीट से कांग्रेस से कई ब्राह्मण प्रत्याशी टिकट मांग रहे थे, लेकिन उन्हें टिकट नहीं दिया गया.

  • बीजेपी ने ब्राह्मण उम्मीदवार खड़ा किया है. अगर जातिवाद का चुनाव हुआ तो ज्योति की मुशिकलें बढ़ सकती है.
  • नगर निगम में ज्योति खंडेलवाल ने मेयर रहते हुए कई अधिकारियों के साथ-साथ नेताओं का विरोध किया है. वो नेता या अधिकारी अगर ज्योति का विरोध करते हैं तो ज्योति की मुशिकलें बढ़ेंगी.
  • 5 लाख वोट से जीत दर्ज करने वाले बीजेपी के गढ़ में वोटों में सेंध लगाना बड़ी चुनौती वाला काम है.

वहीं टीवी 9 भारतवर्ष से खास बातचीत में ज्योति ने माना कि ये सीट बहुत बड़ी चुनौती है. महिला मतदाताओं का विशेष रूझान आपको दिखाई देगा. ज्योति ने कहा, “महिलाओं के हर सुख-दुख मैं उनके साथ रही हूं और जिस राह पर महिला चलती हैं उस राह पर पुरूष को चलना पड़ता है. सांसद रामचरण बोहरा गुटबाजी में उलझे हुए हैं. सेना के शौर्य को सलाम लेकिन सेना के शोर्य के नाम पर जो राजनीति करते हैं जनता उनको चुनाव में आईना जरूर दिखा देगी”.

हाल ही में प्रत्याशी बनने से पहले जयपुर सांसद ने देश में सबसे पहले सेना के शौर्य के नाम पर शहर में जगह-जगह पोस्टर लगाए थे, जिसमें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की तस्वीर के साथ-साथ स्वंय सांसद का चित्र और घर में घुस कर मारा लिखा हुआ था. इसके बाद चुनाव आयोग ने सासंद बोहरा को नोटिस जारी किया था.