#OperationBharatvarsh में पाक-साफ निकले ये सांसद, बोले- न पैसा लूंगा, न दूंगा

ऑपरेशन भारतवर्ष में 21 राजनेताओं का स्टिंग किया गया था, जिनमें 18 सांसद हैं, लेकिन 3 को छोड़कर सभी घपलेबाज निकले. चरणजीत सिंह रोड़ी उन 3 सांसदों में से एक हैं जिन्होंने ईमानदारी का साथ नहीं छोड़ा.

  • रजनी सिंह
  • Publish Date - 11:45 am, Thu, 4 April 19

नई दिल्ली: टीवी9 भारतवर्ष ने बुधवार को ऑपरेशन भारतवर्ष के जरिए उन जनप्रतिनिधियों के ढोंगी चेहरों को जनता के सामने लाकर रखा, जिसपर फर्जी अच्छेपन और ईमानदारी का चोला पहने वे आम जनता को मूर्ख बना रहे थे. ऑपरेशन भारतवर्ष ने देश की उन तमाम पार्टियों के सांसदों का कच्छा-चिट्ठा सामने लाकर रखा, जो कि ईमानदारी और जनता के लिए विकास की बात कहने का दम भरती हैं.

ऑपरेशन भारतवर्ष में बीजेपी, कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, लोजपा, आम आदमी पार्टी से लकर अन्य पार्टियों के सांसदों ने चुनाव में करोड़ों रुपए का कालाधन खर्च करने की बात स्वीकार की और साथ ही इस स्टिंग में ये खुलासे भी हुए कि कैसे इन सांसदों ने आचार संहिता की धज्जियां उड़ाकर रख दी. ऑपरेशन भारतवर्ष में 21 राजनेताओं का स्टिंग किया गया था, जिनमें 18 सांसद हैं, लेकिन 3 को छोड़कर सभी घपलेबाज निकले.

वहीं जो सांसद पाक सांफ निकले उनमें, चरणजीत सिंह रोड़ी (सिरसा से INLD सांसद), डॉ. धर्मवीर गांधी (पटियाला से आम आदमी सांसद) और सदाशिव लोखंड़े (शिरडी से शिवसेना सांसद) शामिल हैं. चलिए हम बात करते हैं चरणजीत सिंह रोड़ी की, जिन्होंने स्टिंग ऑपरेशन में अपने पाक-साफ होने का पूरा सबूत दिया. वे हमारे अंडरकवर रिपोर्ट्स के किसी भी प्रलोभन में नहीं आए. उन्हों कहा कि चुनाव जीतने के लिए वे न तो एक पैसा लेंगे और न ही देंगे.

कौन हैं चरणजीत सिंह रोड़ी

  • 49 वर्षीय चरणजीत सिंह रोड़ी हरियाणा के सिरसा से सांसद हैं.
  • 2009 में उन्होंने चुनावी मैदान में कदम रखा था और अपने नेटिव विलेज रोड़ी के सरपंच बने थे.
  • अच्छा काम करने और जमीन जुड़े रहने की बदौलत 2005 में चरणजीत को जिला परिषद का सदस्य बनाया गया.
  • राजनीति में एक सुनहरा भविष्य उनका इंतजार कर रहा था. 2009 में शिरोमणी अकाली दल के टिकट पर चरणजीत कालांवली विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा और जीत दर्ज की.
  • हर जगह चरणजीत ने अपने पहले प्रयास में ही सफलता हासिल की.
  • इसके बाद साल 2014 में उन्होंने इंडियन नेशनल लोक दल (आईएनएलडी) के टिकट पर सिरसा लोकसभा सीट पर चुनाव लड़ा. उन्होंने यहां से कांग्रेस के अशोक तंवर को 1.15 लाख वोट्स से मात दी.

क्या फिर से मिलेगा टिकट

चरणजीत सिंह को आईएनएलडी फिर से सिरसा लोकसभा सीट से चुनाव लड़ सकते हैं. हालांकि उन्हें लेकर अभी यह खबरें सामने आ रही हैं कि उनके क्षेत्र के लोग उनसे काफी नाराज हैं. वहीं उनके प्रतिद्वंद्वियों का कहना है कि उन्होंने अपने क्षेत्र में सीसीटीवी इंस्टॉल कराने की बात कही थी, लेकिन उन्होंने अपना वादा पूरा नहीं किया. उनकी पार्टी के ही कई नेता उनपर अपने क्षेत्र के लिए काम न करने का आरोप लगाते हुए उन्हें लोकसभा चुनाव में टिकट न देने की मांग की जा रही है.

वहीं इन आरोपों को लेकर चरणजीत सिंह रोड़ी का कहना है कि अगर पार्टी उन्हें चुनावी मैदान में उतारती है तो वे लड़ने के लिए तैयार हैं और अगर पार्टी किसी अन्य को खड़ा करती है तो वे उसके लिए एक सच्चे आईएनएलडी कार्यकर्ता के तौर पर काम करेंगे.