IT रेड में करोड़ों कैश के बाद अब जानवरों की बेशकीमती खाल भी बरामद

मध्यप्रदेश में जारी छापेमारी में अफसरों ने ब्लैक मनी तो खूब बरामद किया लेकिन अब वो हैरान हैं. संरक्षित जानवरों की बेशकीमती खालें भी मिलने लगी हैं. नौकरशाही से लेकर सियासत तक ज़ोरदार हंगामा मचा है.
raid, IT रेड में करोड़ों कैश के बाद अब जानवरों की बेशकीमती खाल भी बरामद

मध्यप्रदेश में छापेमारी का दौर जारी है और अब करोड़ों की नकदी से आगे जानवरों की कीमती खाल तक बात जा पहुंची है. सीएम कमलनाथ के ओएसडी प्रवीण कक्कड़ के करीबी अश्विन शर्मा के घर पर छापे में सांभर, चिंकारा, चीतल, चीते, ब्लैक बक जैसे संरक्षित वन्य प्राणियों के मृत शरीर से बनाई गई ट्रॉफी बरामद हो रही हैं. वन विभाग की टीम इन ट्रॉफी की कीमत का अंदाज़ा लगा रही हैं.

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सवेरे तीन बजे से उनके घर पर चल रही छापेमारी ने सभी को हैरान कर दिया है. वो टाइगर की खाल को टेबल क्लॉथ की तरह इस्तेमाल कर रहे थे. वन विभाग ने कहा है कि इस मामले में अश्विन शर्मा पर वन्यजीवन संरक्षण अधिनियम के तहत कार्यवाही की जाएगी.

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इसके अलावा तीन अवैध हथियारों के बरामद होने का भी पता चला है. अश्विन शर्मा और उनके रिश्तेदार प्रतीक जोशी के घर से करीब डेढ़ करोड़ की नकदी भी मिली है. इसके पहले भी प्रतीक जोशी से 9 करोड़ रुपए कैश बरामद हो चुके हैं, यानि अब आंकड़ा दस करोड़ से ऊपर जा चुका है.

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अश्विन शर्मा का इलाके में खासा रसूख है. प्लेटिनम प्लाज़ा में उनके कई फ्लैट और 8 लक्ज़री कारें मिली हैं. कारों के इस कारवां में 2 लैंडरोवर, 3 मर्सिडीज़, 3 विंटेज कारें शामिल हैं. इसी प्लाज़ा के चौथे और छठे फ्लोर पर वो और उनके घरवाले रहा करते हैं और आसपास के इलाके में चर्चा का विषय बने हुए हैं. नौकरशाही में खासी अच्छी दखल रखनेवाले अश्विन कई काम करते हैं जिनमें से एक एनजीओ चलाना है जिसका नाम आरोग्य जनकल्याण है. साल 2016 में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में एक ट्रेनिंग के लिए पचास करोड़ रुपए के भुगतान के मामले में इस एनजीओ का काफी नाम उछला था. कहा जाता है कि ट्रांसफर-पोस्टिंग कराने में भी उनका हाथ रहता है. कहा जा रहा है कि उनके मोबाइल में कई आईएएस अफसरों के वीडियो हैं. प्रवीण कक्कड़ से करीबी के चलते वो काफी ताकतवर हैं.

इस बीच छापेमारी को राजनीति से प्रेरित बताने पर गृहमंत्री राजनाथ सिंह का बयान सामने आया है. उन्होंने कहा कि कार्यवाही के पीछे किसी तरह का राजनीतिक प्रभाव नहीं है.

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