Maharashtra : अजित पवार का फोन रात नौ बजे अचानक बंद हुआ और फिर.. संजय राउत ने बताई कहानी

"महाराष्ट्र में जिस तरह से अंधेरे में सरकार को शपथ दिलाई गई वो ठीक नहीं है. अजित पवार ने छत्रपति शिवाजी महाराज का नाम बदनाम किया है."

Maharashtra Political Surgical Strike – महाराष्ट्र में दस घंटों के भीतर NCP, Congress और Shiv Sena के सरकार बनाने की कवायद पर BJP ने पलीता लगा दिया. साथ दिया Sharad Pawar के भतीजे और NCP के नेता Ajit Pawar ने. Devendra Fadnavis को राज्यपाल Bhagat Singh Koshyari ने सीएम पद की शपथ दिलाई. Ajit Pawar डिप्टी सीएम बने.

इससे Shiv Sena हैरान परेशान है. बीजेपी का साथ तोड़ नई सरकार बनाने की तैयारी कर रही शिव सेना को कुछ सूझ नहीं रहा. हर सुबह ट्वीट के जरिए बीजेपी पर तंज कसने वाले संजय राउत का गुस्सा अजित पवार पर फूटा.

नीचे Sanjay Raut का पूरा बयान पढ़िए..

कल नौ बजे तक ये महाशय ( Ajit Pawar ) हमारे साथ बैठे थे. पूरी बातचीत में सक्रिय थे. अचानक से वो गायब हो गए. हमें थोड़ा अजीब लगा. नजरों से नजर मिला कर नहीं बोल रहे थे. जो व्यक्ति पाप करने जाता है उसकी नजर जिस तरह झुकती है वही हालत थी.

ठीक है बातचीत एक दिन के लिए आगे बढ़ गई उसका मतलब ये नहीं था. बीजेपी ने राजभवन का दुरुपयोग किया है. सत्ता पैसा और मस्ती का उपयोग हुआ है. गैरकानूनी तरीके से ये हुआ है.

मैं मानता हूं कि राज्य के राज्यपाल एक ऐसे व्यक्ति हैं जो आरएसएस से आए हैं, संस्कारी हैं, धर्म का पालन करेंगे. लेकिन अंधेरे में पापा होता है, चोरी डकैती होती है. महाराष्ट्र में जिस तरह से अंधेरे में सरकार को शपथ दिलाई गई वो ठीक नहीं है. अजित पवार ने छत्रपति शिवाजी महाराज का नाम बदनाम किया है.

इस पूरे मामले में शरद पवार से संपर्क में हैं. उद्धभ ठाकरे से उनकी बात हुई है. ज्वाइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस की भी बात हो रही है. अजित पवार ने जो पाप किया है उसमें शरद पवार शामिल नहीं है.

ये धोखा शिव सेना के साथ नहीं महाराष्ट्र की जनता के साथ हुआ है.

अजित पवार जिंदगी भर तड़पते रहेंगे