गर्मियों में न खाएं आइसक्रीम और बर्फ के गोले, सर्वे में हुआ खुलासा

सर्वे में यह जानकारी सामने आई है कि बर्फ के 385 नमूनों में से 300 नमूने उपयुक्त नहीं हैं.

नई दिल्ली: गर्मियों में आइसक्रीम और बर्फ के गोले सभी को आकर्षित करते हैं लेकिन क्या आप जानते हैं ये कि बर्फ के गोले आपके के लिए कितने खतरनाक हो सकते हैं. बृहन्मुंबई महानगरपालिका का कहना है कि मुंबई में सड़क किनारे बिकने वाले जूस और अन्य पेय पदार्थों का 81 प्रतिशत हिस्सा पीने के काबिल नहीं होता है. शहरी निकाय के स्वास्थ्य विभाग ने नींबू पानी, गन्ने का रस और बर्फ का गोला बेचने वाले विभिन्न स्टालों का पिछले महीने निरीक्षण किया था जिसमें ये जानकारी सामने आई है.

कुर्ला रेलवे स्टेशन पर दूषित शराब का व्यापार सामने आने पर नगरपालिका प्रशासन ने शरबत, गन्ने का रस और बर्फ का गोला बेचने वालों पर कार्रवाई शुरू कर दी है. अप्रैल के महीने में कुल 81 प्रतिशत नमूने दूषित पाए गए थे परिणामस्वरूप शरबत, गन्ने का रस और बर्फ के गोले खाने वाले मुंबईकरों के स्वास्थ्य खतरे में आने की संभावना है.

अप्रैल में कार्रवाई करने के बाद पता चला की बर्फ के 385 नमूनों में से 300 नमूने उपयुक्त नहीं हैं. नींबू के सिरप के 280 नमूनों में से 218 नमूने अनुचित हैं. गन्ने के 303 नमूनों में से 268 नमूने उपयुक्त नहीं हैं. बीएमसी से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी अमेय घोले ने बताया कि वैसे तो गर्मी आते ही हम बर्फ और पानी के सैंपल लेना शुरू कर देते हैं, लेकिन हाल के मामले को देखते हुए हमने संबंधित लोगों को जूस की दुकान चलाने वालों के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं. उन्होंने यह भी कहा कि BMC लगातार ऐसे पेय बेचने वालों की निगरानी कर रहा है और दूषित पेय पदार्थों को नष्ट कर रहा है. हम लोगों के स्वास्थ के साथ कोई समझौता नहीं चाहते हैं.

वहीं महानगरपालिका के फूड विश्लेषक का कहना है कि उन्होंने पेय पदार्थों में इस्तेमाल की जाने वाली बर्फ की जांच की तो उसमें ऐसे पदार्थ मिले जो दस्त का कारण बन सकता है.