व्‍यंग्‍य: 12 अक्‍टूबर 2050! कयामत की वो रात और सोशल मीडिया युग के अंत की रोंगटे खड़े कर देने वाली कहानी

न कोई महामारी, न कोई महायुद्ध, न ही कोई प्रलय आई है... फिर भी धरती पर कोहराम मचा हुआ है. इस कयामत ने सबसे ज्‍यादा तबाही मचाई है भारत में...
satire on sushant singh rajput media coverage, व्‍यंग्‍य: 12 अक्‍टूबर 2050! कयामत की वो रात और सोशल मीडिया युग के अंत की रोंगटे खड़े कर देने वाली कहानी

न कोई महामारी, न कोई महायुद्ध, न ही कोई प्रलय आई है… फिर भी धरती पर कोहराम मचा हुआ है. इस कयामत ने सबसे ज्‍यादा तबाही मचाई है भारत में, यहां करोड़ों शव पड़े हैं, जो जहां था वहीं मर गया था. घर, दफ्तर, जिम, स्‍टेडियम, सड़कें लाशों से पटी पड़ी हैं. खासतौर से मीडिया संस्‍थानों में तो एक भी शख्‍स जीवित नहीं बचा है.

24 घंटे, पल-पल का लाइव अपडेट देने वालों का डेथ रेट 100 प्रतिशत है. आखिर क्‍यों हुईं इतनी मौतें? ऐसा क्‍या हो गया? क्‍यों करोड़ों इस तरह मर गए? ये कैसी पहेली है, ये क्‍या रहस्‍य है? आखिर 12 अक्‍टूबर की इस रात को ऐसा क्‍या हुआ? 12 अक्‍टूबर… जी हां आज 12 अक्‍टूबर 2050 है और मैं सनसनी कुमार आपको दिखा रहा हूं तबाही का ये लाइव मंजर. साथ ही साथ आपको ये भी बताता चलूं कि पूरी दुनिया में मैं इकलौता शख्‍स हूं जो ये लाइव कवरेज आपके लिए लेकर आने की हिम्‍मत कर रहा हूं.

अब आप सोच रहे होंगे कि फेंकबुक लाइव करने में डर कैसा? टेक्‍नोलॉजी के इस युग में फेंकबुक लाइव में डर की क्‍या बात है? तो चलिए बिना देरी किए मैं आपके सारे सवालों का जवाब देता हूं. सबसे पहले तो मैं आपको बता दूं कि इस समय में मैं लुटियंस दिल्‍ली में खड़ा हूं और यहां पर बड़ा सा दरबार लगा है. ये दरबार है यमराज का. उनकी पूरी टीम दिन-रात एक करके तबाही में मारे गए करोड़ों लोगों का चिट्ठा जुटा रही है.

ये कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद इंसाफ का बहुत बड़ा तराजू लाया जाएगा और फिर अदालत बैठेगी. यमराज इन करोड़ों लोगों के गुनाहों पर अपना फैसला सुनाएंगे. आप सोच रहे होंगे कि यमराज तो यमलोक में बैठते हैं तो ये धरती पर अदालत क्‍यों लगा रहे हैं. दरअसल, यमलोक में करोड़ों लोगों के मामले की सुनवाई के लिए जगह नहीं बची थी, इसलिए यमराज ने धरती पर अदालत लगा डाली और ये लीजिए इसी बीच काले भैंसे पर सवार यमराज धीरे-धीरे अदालत की तरफ बढ़े जा रहे हैं और ये ब्रेकिंग न्‍यूज यमराज अपने सिंहासन पर बैठे चुके हैं.

सभी लोकपाल पूरी लिस्‍ट लेकर हाजिर हैं और यमराज ने बैठते ही अपने चिर-परिचित अंदाज में भारी आवाज के साथ कहा….इंसाफ होगा, जरूर होगा. यकीन मनिए यमराज की आवाज इतनी भारी है कि तीनों लोकों में बार-बार यही गूंज रहा है… इंसाफ होगा, जरूर होगा. खराब ऑडियो के लिए माफी चाहूंगा क्‍योंकि मेरी आवाज यमराज के धांसू डायलॉग के चलते दब रही है, इसलिए दो मिनट के लिए रुकना सही रहेगा.

चालिए अब यमराज की आवाज नहीं गूंज रही है. अब उन्‍होंने अपने लोकपालों से सवाल करना शुरू कर दिया है. यमराज ने जो पहला सवाल पूछा कि करोड़ों लोग बिना महामारी, बिना महायुद्ध और बिना प्रलय के कैसे मारे गए? अब लोकपाल ने अदालत में इस सवाल का जवाब देना शुरू कर दिया है…

वो बता रहे हैं कि 11 अक्‍टूबर 2050 की आधी रात को भारत सरकार ने फेंकबुक, टरटर समेत सारे सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म को बैन कर दिया था. हालांकि, बैन के बाद भी ये सभी सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म्‍स चल रहे थे, लेकिन इस प्रलयकारी फैसले की खबर जैसे ही जनता तक पहुंची, उन पर कहर टूट पड़ा. बिना डीपी बदले, पोस्‍ट लिखे, बिना किसी को ट्रोल किए, बिना किसी को गंदी गाली दिए भला कोई इंसान जीवित रहता भी तो कैसे?

भारत सरकार के इस एक फैसले ने ऐसा कहर बरपाया कि लोग जहां थे, वहीं पर दम तोड़ने लगे, ज्‍यादातर की मौत दिल का दौरा पड़ने से हुई. लाखों लोगों ने ब्रेन हैमरेज से दम तोड़ा, जो थोड़े बहुत जिंदा बचे थे उन्‍होंने आत्‍महत्‍या कर ली, इस तरह देश के करीब-करीब सभी सोशल मीडिया यूजर्स काल के गाल में समा गए. जो लोग जिंदा बचे हैं, ये वो लोग हैं, जो ये मानते थे सोशल मीडिया पर समय बर्बाद करना बेकार है, लेकिन बरसों तक ऐसे लोगों को हीन भावना से देखा गया.

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भारत में करोड़ों लोगों की मौत की खबर सुनते ही अमेरिका में फेंकबुक का सीईओ अंडरग्राउंड हो चुका है, टरटर वाले सभी अधिकारी भी लापता हैं और टायर-ट्यूब बनाने वाले ने हुलिया बदलकर पंक्‍चर की दुकान लगा ली है. दुनियाभर में लोग सोशल मीडिया ऐप्‍स को डिलीट कर रहे हैं.

यमराज ने करोड़ों लोगों की मौत का कारण जानने के बाद उनके गुनाहों की लिस्‍ट मंगवाई. यमराज ने कहा, ‘यूं तो इन सभी ने बहुत सारे अपराध किए होंगे, लेकिन मुझे उन गुनाहों के बारे में बताओ जो इन सभी में कॉमन हों.’ लोकपालों को भी जान प्‍यारी थी, इसलिए वो भी पूरी रिसर्च के साथ आए थे, उन्‍होंने फट से यमराज को सोशल मीडिया यूजर्स के कॉमन क्राइम की दास्‍तां सुनानी शुरू की.

लोकपाल ने बताया, ”महाराज ये सभी सोशल मीडिया यूजर्स थे. यूं तो इन्‍होंने हजारों लोगों को ट्रोल किया, गालियां दीं, लड़कियों को रेप की धमकी भी दी, कई सोशल मीडिया यूजर्स ने तो अकाउंट तक हैक कराए, इनमें हजारों यूजर्स ऐसे भी हैं, जो पहले लोगों को मारते थे, उसके बाद पोस्‍ट करते थे, तो ऐसे भी हैं, जो पहले पोस्‍ट करके धमकी देते थे और सामने वाला नहीं मानता था तो उसे मारते थे.”

“महाराज इनमें से एक तो बहुत ही बड़ा पत्रकार है, वो सरकार के साथ मिला था. ये टीवी का पत्रकार आपकी नकल करता था महाराज!” यमराज ने लोकपाल की तरफ देखा और उनके चेहरे पर विस्‍मयबोधक चिन्‍ह लगा था, वो हैरान थे. यमराज ने कहा कि मानव को भगवान राम, कृष्‍ण, विष्‍णु के आचरण का अनुसरण करना चाहिए था तो ये मूर्ख मेरी नकल क्‍यों कर रहा था? तो लोकपाल ने जवाब दिया कि महाराज वो आपका ही फैन था, वो चिल्‍ला-चिल्‍लाकर जिंदगी भर आपकी ही नकल करता हुआ मर गया.

यमराज अब गुस्‍से से तिलमिला गए थे, वो लोकपाल पर भड़कते हुए बोले- मूर्ख पहेलियां न बुझा, इन सभी का कॉमन क्राइम बता. करोड़ों केस पड़े हैं, शॉर्ट में बात कर. लोकपाल ने जी हुजूर करते हुए तुरंत कहानी को आगे बढ़ाते हुए कहा, “महाराज अब आप ध्‍यान से सुनें, ये जो करोड़ों आत्‍माएं यहां कटघरे में खड़ी हैं, इन सभी ने साल 2020 में एक सामूहिक अपराध किया था.”

“साल 2020 में सुशांत सिंह राजपूत नाम के एक एक्‍टर ने सुसाइड किया था. उस एक्‍टर की गर्लफ्रेंड थी रिया चक्रवर्ती, इन सभी ने मिलकर बिना किसी सुनवाई, बिना किसी सबूत के उसे उसके ही प्रेमी का कातिल बता डाला था. महाराज जिस वक्‍त ये सुसाइड केस चर्चा में था, ठीक उसी वक्‍त धरती पर कोरोना का कहर टूट रहा था. ये जितने भी मीडिया वालों की आत्‍माएं आप अलग कटघरे में खड़ी देख रहे हैं, इनमें अधिकतर ड्रामेबाज न्‍यूज चैनल्‍स के संपादक हैं.”

“महाराज इन सभी ने कोरोना जैसी महामारी और भारत-चीन टकराव जैसी अहम खबरों को छोड़कर सुशांत सिंह राजपूत केस में नमक-मिर्च लगाया था. ये सभी राष्‍ट्र को राम भरोसे छोड़कर एक लड़की को डायन बताने पर तुले थे.”

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“नौकरी, बिजनेस, खेल-कूद सबकुछ छोड़कर इन लोगों ने चटखारे ले लेकर रिया चक्रवर्ती को कोसा था. ये सभी मारे गए सोशल मीडिया यूजर्स और नौटंकीबाज टीवी संपादक देशद्रोही हैं. जब इन्‍हें कोरोना के वक्‍त में देशवासियों की मदद करनी चाहिए थी, तब ये रिया का नाम लेकर चटखारे लेती पोस्‍ट लिख रहे थे और जब भारत-चीन टकराव चरम पर था तो ये अपने देश भारत की चिंता छोड़कर सुशांत की मौत को मिस्‍ट्री बनाने में जुटे थे.”

लोकपाल की बात सुनने के बाद यमराज ने पूछा- तो क्‍या सुशांत ने आत्‍महत्‍या नहीं की थी? क्‍या रिया ने उसकी हत्‍या कराई थी? लोकपाल ने कंट्रोवर्सी में न पड़ते हुए दोटूक जवाब दिया- ”महाराज इस केस की सारी डिटेल्‍स मंगाने में समय लगेगा, इसलिए यमलोक से 50 विशेषज्ञों की टीम बुलाई गई है, जो सिर्फ इसी केस से जुड़े दस्‍तावेज तलाश रही है. लोकपाल की बात सुनकर यमराज ने सहमति देते हुए कार्यवाही को आगे बढ़ाने का इशारा किया. कार्यवाही आगे बढ़ी और चीन का जिक्र आ गया.

यमराज ने बड़ी ही उत्‍सुकता के साथ पूछा तो क्‍या सोशल मीडिया यूजर्स सिर्फ भारत में ही मरे हैं, चीन इसका कोई इम्‍पेक्‍ट नहीं हुआ. लोकपाल ने जवाब दिया- “महाराज चीन ने इसे लत नहीं बनने दिया. उसने फेंकबुक और टरटर जैसे प्‍लेटफॉर्म को बैन किया हुआ था, वो जी-जान से भारत की जमीन हड़पने की साजिश में ही जुटा रहा. इतना ही नहीं, महाराज चीन ने कोरोना पैदा कर भारत में तबाही मचाने के लिए छोड़ दिया, लेकिन यहां के लोग इसका उपाय खोजने की बजाय सुशांत की मर्डर मिस्‍ट्री सुलझाने में व्‍यस्‍त थे.”

ये सब सुनने के बाद यमराज ने सभी ट्रोलर्स और टीवी संपादकों की आत्‍माओं को देखा और उन्‍हें देशद्रोह का दोषी करार देते हुए सजा के ऐलान के लिए 13 अक्‍टूबर 2050 का दिन मुकर्रर कर दिया. तो आज का फेंकबुक लाइव बस यहीं तक… मैं आपका सनसनी कुमार आपसे विदा लेता हूं, कल दोबारा आऊंगा, इसी जगह इसी वक्‍त यमराज के फैसले की लाइव कवरेज आपके लिए लेकर, तब तक के लिए नमस्‍कार…

यमराज का फैसला

नमस्‍कार मैं सनसनी कुमार हाजिर हूं और आज के फेंकबुक लाइव में हम सुनेंगे करोड़ों ट्रोलर्स और टीवी संपादकों के गुनाहों पर यमराज का फैसला बस थोड़ी ही देर में. और ये देखिए यमराज दरबार में आ चुके हैं और बस किसी भी वक्‍त वो अपना फैसला सुनाने वाले हैं और यमराज ने फैसला पढ़ना शुरू कर दिया है.

”इंसाफ होगा”… यमराज ने एक बार फिर अपने चिर-परिचित अंदाज में अपना डायलॉग बोला, जो कि हर बार की तरह इस बार भी तीनों लोकों में गूंज उठा. अब यमराज फैसला सुना रहे हैं….

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”मैं यमराज, धरती के इस दरबार से सोशल मीडिया यूजर्स और टीवी संपादकों की भूमिका को देशद्रोह की श्रेणी का अपराध करार दे चुका हूं. साल 2020 में इन करोड़ों लोगों ने कोरोना महामारी और चीन से टकराव जैसी गंभीर चुनौतियों को छोड़कर जो वक्‍त सुशांत केस में जाया किया, जिस तरह से खुद जज बनकर एक लड़की को डायन और चुड़ैल जैसे नामों से पुकारा, वो जघन्‍य अपराध होने के साथ ही मानव संस्‍कृति के भी खिलाफ है. इसलिए मैं सभी ट्रोलर्स को भारत में दोबारा जन्‍म लेने की सजा सुनाता हूं. ये सारे ट्रोलर्स भारत के बॉर्डर वाले इलाकों में जन्‍म लेंगे और वहीं पर ताउम्र चीन और पाकिस्‍तान की हरकतों को झेलेंगे. क्‍योंकि इन्‍होंने जीवन भर दुश्‍मन देश के खतरे को नजरअंदाज किया, इसलिए इन्‍हें अगले जन्‍म में दुश्‍मन देश की हरकतें झेलने की सजा सुनाई जाती है. साथ ही वो टीवी संपादक, जिन्‍होंने देश को गुमराह किया, उन्‍हें अगले जन्‍म में डॉक्‍टर और सैनिक बनने का आदेश देता हूं, ताकि ये उस दर्द को समझें जो कोरोना के काल में डॉक्‍टर्स ने अस्‍पताल में झेला और चीन से टकराव के वक्‍त सैनिकों ने बॉर्डर पर.”

तो आपने देखा कि कैसे यमराज ने आज 12 अक्‍टूबर 2050 को 30 साल पुराने मामले में करोड़ों लोगों सजा सुनाई. जाने से पहले आपके दिमाग में कौंध रहे एक आखिरी सवाल का भी जवाब दे देता हूं. आप सोच रहे होंगे कि जब भारत सरकार ने 11 अक्‍टूबर 2020 की आधी रात को सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म्‍स पर बैन लगा दिया तो मैंने ये फेंकबुक लाइव कैसे कर लिया? जवाब बड़ा सिंपल है, अरे यार कहानी पूरी फिल्‍मी है, एकदम काल्‍पनिक पर संदेश एकदम असली है, 100 प्रतिशत शुद्ध भारतीय!

मैं सनसनी कुमार अब आपसे विदा लेता हूं, नमस्‍कार!

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