जयपुर पहुंचे कांग्रेस के विधायक, रिजॉर्ट में ठुमके लगाने का वीडियो वायरल

कुल 41 कांग्रेसी विधायक (Congress MLA) हॉर्स ट्रेडिंग (Horse Trading) से बचने के लिए ब्यूना विस्ता रिजॉर्ट (Buena Vista Resort) में ठहरे हुए हैं, जबकि 31 विधायक प्लस ट्री रिजॉर्ट (Plus Tree Resort) में हैं. तीन विधायक देर रात जयपुर पहुंचे थे.
Congress MLA reaches Jaipur, जयपुर पहुंचे कांग्रेस के विधायक, रिजॉर्ट में ठुमके लगाने का वीडियो वायरल

मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की सियासत में चल रही खींचतान और विधायकों की टूट-फूट के बाद एक कांग्रेस (Congress) ने अपने बाकी विधायकों को जयपुर (Jaipur) के रिजॉर्ट (Resort) में भेज दिया है. इस दौरान रिजॉर्ट एक वीडियो वायरल (Viral Video) हुआ है, जिसमें विधायक राजनीतिक उठापटक को भूलकर ठुमके लगाते दिख रहे हैं.

दरअसल कुल 41 कांग्रेसी विधायक (Congress MLA) हॉर्स ट्रेडिंग (Horse Trading) से बचने के लिए ब्यूना विस्ता रिजॉर्ट (Buena Vista Resort) में ठहरे हुए हैं, जबकि 31 विधायक प्लस ट्री रिजॉर्ट (Plus Tree Resort) में हैं. तीन विधायक देर रात जयपुर पहुंचे थे. राजनेताओं का मानना है कि मध्यप्रदेश संकट (Madhya Pradesh Crisis) की जड़ें काफी मजबूत हैं और यह लंबे समय के लिए कांग्रेस को हानि पहुंचा सकती है क्योंकि महाराष्ट्र (Maharashtra) और राजस्थान (Rajasthan) ऐसे दो राज्य हो सकते हैं, जहां ऑपरेशन कमल (Operation Lotus) को अंजाम दिया जा सकता है.

‘अगला नंबर महाराष्ट्र और राजस्थान का’

भाजपा (BJP) सूत्रों ने पुष्टि करते हुए कहा कि इससे पहले स्पिट्सविला शूट को होस्ट करने वाले और अब मध्यप्रदेश के विधायकों की मेजबानी करने वाला रिजॉर्ट जल्द ही महाराष्ट्र और राजस्थान में कांग्रेस के विभाजन का गवाह बन सकता है. राजस्थान के राजनीतिक सूत्रों ने दावा किया कि यह रिजॉर्ट जल्द ही महाराष्ट्र सरकार में बिखराव का गवाह बनेगा, जो कि कांग्रेस, राकांपा (NCP) और शिवसेना (Shivsena) के गठजोड़ से बना है.

‘ऑपरेशन कमल सिर्फ मध्यप्रदेश तक सीमित नहीं’

भाजपा के एक वरिष्ठ कार्यकर्ता ने कहा, “ऑपरेशन कमल (Operation Lotus) सिर्फ मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) तक ही सीमित नहीं रहेगा, जल्द ही इसका प्रभाव महाराष्ट्र (Maharashtra) में दिखेगा. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (CM Uddhav Thackeray) ने इस बाबत वरिष्ठ भाजपा (BJP) नेताओं से मुलाकात की है. दोनों के बीच छोटे और बड़े भाई को लेकर लड़ाई थी. जब उद्धव पहले से ही मुख्यमंत्री हैं तो हमें वहां सरकार गठन करने में कोई समस्या नहीं है. हम ठाकरे के साथ मुख्यमंत्री के रूप में काम करने को लेकर तैयार हैं.”

उन्होंने कहा, “जहां तक राजस्थान (Rajasthan) की बात है, करीब 30 विधायक पहले से ही हमारे संपर्क में हैं और इस राज्य में भी मध्यप्रदेश की कहानी दोहराई जाएगी, क्योंकि सरकार की तरफ से सचिन पायलट (Sachin Pilot) की उपेक्षा की जा रही है.”

–IANS Inputs

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