सौरव गांगुली जानते थे कि युवराज सिंह में है मैच विनर बनने का दम

सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) को आज भी एक ऐसे कप्तान के तौर पर जाना जाता है, जो अपने खिलाड़ियों के लिए किसी से भी अड़ जाता था. खिलाड़ियों की क्षमताओँ को भांपने में गांगुली को महारथ हासिल थी.
Sourav Ganguly and Yuvraj Singh, सौरव गांगुली जानते थे कि युवराज सिंह में है मैच विनर बनने का दम

सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) भारतीय क्रिकेट को एक प्रशासक के तौर पर भी चलाने का अनुभव हासिल कर चुके हैं. लेकिन एक दौर वो भी था, जब गांगुली की कप्तानी में भारत ने विदेश में जीत का सिलसिला शुरू किया था.

सौरव गांगुली को आज भी एक ऐसे कप्तान के तौर पर जाना जाता है, जो अपने खिलाड़ियों के लिए किसी से भी अड़ जाता था. अपनी टीम के लिए गांगुली हमेशा खड़े दिखते थे. खिलाड़ियों की क्षमताओँ को भांपने में गांगुली को महारथ हासिल थी.

उन्होंने कई ऐसे खिलाड़ियों को सपोर्ट किया जो बाद में मैच विनर साबित हुए. उनमें युवराज सिंह (Yuvraj Singh) भी शामिल थे. भारत के पूर्व खिलाड़ी इरफान पठान (Irfan Pathan) का कहना है कि सौरव गांगुली जानते थे कि युवराज एक मैच विनर हैं.

‘गांगुली खिलाड़ियों के लीडर थे’

सौरव गांगुली को टीम की कमान ऐसे वक्त में दी गई, जब भारतीय क्रिकेट फिक्सिंग जैसे विवाद में फंसा हुआ था. गांगुली ने अपनी कप्तानी में ना सिर्फ टीम को उस विवाद से बाहर निकाला, बल्कि भारतीय फैंस का विश्वास भी जीता. साथ ही एक ऐसी टीम का निर्माण किया जिसका हर खिलाड़ी मैच विनर रहा.

इरफान पठान ने कहा, ”सौरव गांगुली चाहते थे कि वो एक अच्छी टीम बनाएं. मुझे याद है युवराज सिंह अपने करियर के शुरूआती दौरे में काफी संघर्ष कर रहे थे. लेकिन गांगुली ने युवराज का साथ दिया.

वह जानते थे कि इस खिलाड़ी को सपोर्ट करने से भविष्य में चीजें बेहतर हो सकती हैं. गांगुली की बात को युवराज सिंह ने सही साबित किया. सौरव गांगुली ने सिर्फ युवराज सिंह को ही नहीं, हरभजन सिंह और जहीर खान को भी सपोर्ट किया.

गांगुली ने मुश्किल समय में भारतीय क्रिकेट को आगे बढ़ाया. लोग क्रिकेट को पसंद नहीं करते थे क्योंकि उस वक्त भारत में क्रिकेट मुश्किल दौर में था. लोगों को दोबारा क्रिकेट से प्यार कराने का श्रेय सौरव गांगुली को जाना चाहिए.

इसलिए जब हम लीडर की बात करते हैं तो गांगुली का नाम आता है. वो खिलाड़ियों के लीडर थे. उनका एक ही एजेंडा था कि ये सुनिश्चित करें कि भारतीय क्रिकेट टीम आगे बढ़े.”

Sourav Ganguly and Yuvraj Singh, सौरव गांगुली जानते थे कि युवराज सिंह में है मैच विनर बनने का दम
File Pic – Yuvraj Singh

युवराज सिंह का क्रिकेट करियर

साल 2000 में युवराज सिंह ने अपने इंटरनेशनल क्रिकेट करियर का आगाज किया था. उन्होंने 40 टेस्ट मैच में 1900 रन बनाए. इसमें तीन शतक और 11 अर्धशतक शामिल हैं. इसके अलावा वनडे क्रिकेट में युवी ने 304 वनडे मैच खेले. इसमें उन्होंने 14 शतक और 52 अर्धशतक लगाते हुए 8701 रन बनाए. साथ ही 111 विकेट भी लिए.

जबकि 58 टी20 मैच में युवराज ने 1177 रन बनाए हैं इसमें आठ अर्धशतक लगाए हैं और 28 विकेट भी लिए हैं. पिछले साल ही युवराज ने क्रिकेट को अलविदा कर दिया था.

उन्होंने अपने क्रिकेट करियर में टीम इंडिया को कई बड़ी जीत दिलाई. 6 गेंद पर 6 छक्के लगाने वाले युवराज को सिक्सर किंग का तमगा दिया गया था.

साथ ही 2011 विश्व कप में जिस तरह से युवराज सिंह ने शानदार प्रदर्शन किया वो आज तक क्रिकेट प्रेमियों के जहन में ताजा है. 2011 विश्व कप की जीत में युवराज ने अहम किरदार निभाया था. उन्हें उनके शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन के लिए मैन ऑफ द टूर्नामेंट के खिताब से नवाजा गया था.

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