23वीं बार रीता शेरपा ने फतह किया माउंट एवरेस्ट, तोड़ा अपना ही रिकॉर्ड

कामी रीता ने इस विशालकाय चोटी की पहली चढ़ाई साल 1994 में की थी और तब वह 24 साल के थे. उनकी योजना कम से कम 25 बार शिखर तक पहुंचने की है.

नई दिल्ली: कामी रीता शेरपा माउंटेनियर ने बुधवार को 23वीं बार माउंट एवरेस्ट की चढ़ाई की. ऐसा कर उन्होंने दुनिया की सबसे ऊंचे पर्वत शिखर एवरेस्ट तक सर्वाधिक बार पहुंचने का विश्व रिकॉर्ड बना डाला है.

हिमालयन टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, सेवेन समिट ट्रेक्स के कंपनी अध्यक्ष मिंगमा शेरपा ने इस बात की जानकारी दी है कि सोलुखुंबु जिले के थमे गांव के रहने वाले 49 वर्षीय कामी रीता शेरपा ने बुधवार की सुबह 7 बजकर 50 मिनट पर एवरेस्ट की चोटी पर सफलतापूर्वक पहुंचकर संसार की छत पर सबसे अधिक बार पहुंचने के अपने ही रिकॉर्ड को तोड़ दिया.

कामी रीता ने 16 मई, 2018 को एवरेस्ट की चोटी पर 22वीं बार पहुंचकर इतिहास रचा था.

बेस कैंप के अधिकारियों के अनुसार, कामी रीता ने मंगलवार की रात को शिविर चार से इस अभियान की शुरुआत की और बुधवार की सुबह वह पर्वत की चोटी तक सफलतापूर्वक पहुंचने में एक बार फिर से कामयाब हो गए.

Mountaineer Kami Rita Sherpa, 23वीं बार रीता शेरपा ने फतह किया माउंट एवरेस्ट, तोड़ा अपना ही रिकॉर्ड

कामी रीता आठ हजार मीटर से अधिक ऊंचाई की अधिकांश पर्वत चोटियों की चढ़ाई कर चुके हैं, जिनमें के2, छो-ओयू, ल्होत्से और अन्नपूर्णा जैसी कई पर्वत चोटियां शामिल हैं.

मिंगमा शेरपा ने हिमालयन टाइम्स से कहा, “अब माउंटेनियर सुरक्षित तरीके से निचले शिविरों की ओर जा रहे हैं.”

कामी रीता ने इस विशालकाय चोटी की पहली चढ़ाई साल 1994 में की थी और तब वह 24 साल के थे. उनकी योजना कम से कम 25 बार शिखर तक पहुंचने की है.

उन्होंने अप्रैल में अपने अभियान में जाने से पहले एफे न्यूज को बताया था, “मेरा लक्ष्य 25वीं बार एवरेस्ट की चढ़ाई का है या उससे भी अधिक बार.”

साल 2019 में इस चढ़ाई की आधिकारिक रूप से शुरुआत आठ नेपाली गाइड के साथ मंगलवार को हुई. ये सभी अत्यन्त कुशल माउंटेनियर हैं, जो अन्य माउंटेनियर्स के लिए 8,848 मीटर की ऊंचाई तक पहुंचने के लिए मार्ग तैयार करते हैं.

इस बार करीब 1,000 माउंटेनियर इस प्रयास में भाग लेंगे, जिनमें से 378 पर्वतारोहियों को इस कार्य के लिए भुगतान भी किया जाएगा.