जानिए क्यों, टॉस से ठीक 7 मिनट पहले विरोधी टीम के कप्तान से मिलते हैं विराट कोहली

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट नियमों के मुताबिक इस टीम नॉमिनेशन फॉर्म की चार कॉपी कैप्टन के पास होती हैं, इसे लेकर वो बाउंड्री के किनारे जाता है जहां दोनों कैप्टन आपस में एक्सचेंज करते हैं. ये प्रक्रिया टॉस से ठीक सात मिनट पहले होती है.

लंदन: भारत बनाम बांग्लादेश मुकाबला बर्मिंघम में खेला जा रहा है. भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया है. टीम इंडिया के कप्तान जब भी किसी देश की क्रिकेट टीम के साथ खेलते हैं, उससे सात मिनट पहले वो अपने विरोधी टीम के कप्तान से बाउंड्री पर जाकर मिलते हैं.

दरअसल, ये क्रिकेट का ये एक ऐसा प्रोटोकॉल है जिसका पालन हर टीम के कैप्टन को करना होता है. ये एक प्रोटोकॉल होता है उस लिस्ट के आदान-प्रदान का जिसमें ये लिखा होता है कि टीम में चुने गए 11 खिलाड़ी कौन-कौन हैं और किस सीक्वेंस में हैं. इसे फॉलो करने के भी कई नियम होते हैं.

विराट कोहली, जानिए क्यों, टॉस से ठीक 7 मिनट पहले विरोधी टीम के कप्तान से मिलते हैं विराट कोहली
इसके लिए सबसे पहले टीम मैनेजर को एक नॉमिनेशन फॉर्म भरना होता है, जैसे कि यहां एक फॉर्म दिया गया है जिसे हेड कोच रवि शास्त्री ने भरा है. इस फॉर्म में खिलाड़ी की टी-शर्ट नंबर, नाम और बैटिंग ऑर्डर देना होता है. इसके साथ ही कैप्टन और विकेट कीपर के नाम के सामने उसकी जानकारी देनी होती है.

टीम मैनेजर की ये जिम्मेदारी होती है कि वो ये सुनिश्चित करें कि उस फॉर्म में भरी गई जानकारी पूरी तरह सही हैं. आईसीसी के नियमों के तहत ये जानकारियां टीम के कप्तानों को खेल शुरू होने के सात मिनट पहले देनी होती हैं. कहा जाता है कि कई बार लास्ट मोमेंट में ही बैटिंग ऑर्डर तय हो पाता है.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट नियमों के मुताबिक इस टीम नॉमिनेशन फॉर्म की चार कॉपी कैप्टन के पास होती हैं, इसे लेकर वो बाउंड्री के किनारे जाता है जहां दोनों कैप्टन आपस में एक्सचेंज करते हैं. ये प्रक्रिया टॉस से ठीक सात मिनट पहले होती है.

भारतीय कप्तान विराट कोहली ने यहां एजबेस्टन मैदान पर मंगलवार को बांग्लादेश के साथ आईसीसी विश्व कप-2019 के मुकाबले में टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया है. भारत ने इस मैच में कुलदीप यादव की जगह भुवनेश्वर कुमार को और केदार जाधव की जगह दिनेश कार्तिक को अंतिम एकादश में शामिल किया है. बांग्लादेश ने रुबेल हुसैन और शब्बीर रहमान को अंतिम एकादश में मौका दिया है.