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डेहरी विधानसभा सीटः यहां देखें प्रत्याशी, वोटर्स, जातिगत आंकड़े और इस सीट का पूरा डेटा

Dehri Vidhan Sabha constituency: सोन नदी के किनारे स्थित बिहार की डिहरी विधानसभा क्षेत्र में किसी पार्टी का नहीं, बल्कि इलियास हुसैन का जलवा रहा है.

  • TV9 Hindi
  • Publish Date - 2:56 pm, Wed, 14 October 20
सोन नदी के किनारे स्थित बिहार की डिहरी विधानसभा क्षेत्र में किसी पार्टी का नहीं, बल्कि इलियास हुसैन का जलवा रहा है.

बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया पूरी हो गई है. राज्य की डेहरी विधानसभा सीट पर सीधी टक्कर बीजेपी (BJP) और आरजेडी (RJD) के बीच है. एनडीए की ओर से यह सीट बीजेपी के खाते में गई है और उसने यहां से सत्येंद्र सिंह को अपना प्रत्याशी बनाया है. वहीं, आरजेडी के टिकट पर इस सीट से फते बहादुर सिंह महागठबंधन के उम्मीदवार हैं. जन अधिकार पार्टी के प्रत्याशी समीर कुमार उर्फ समीर दुबे ने भी यहां से पर्चा भरा है.

सीट का इतिहास

सोन नदी के किनारे स्थित बिहार की डेहरी विधानसभा क्षेत्र में किसी पार्टी का नहीं, बल्कि इलियास हुसैन का जलवा रहा है. क्योंकि इलियास हुसैन कई पार्टियों के टिकट पर यहां से चुनकर विधानसभा पहुंचते रहे हैं. 2015 में यहां से राजद के टिकट पर मोहम्मद इलियास हुसैन छठी बार चुनाव जीते थे. लेकिन भ्रष्टाचार के मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद उन्हें सदस्यता गंवानी पड़ी.

इसके बाद इस सीट पर 2019 में हुए उप-चुनाव में भाजपा के सत्यनारायण सिंह ने जीत हासिल की. हालांकि आरजेडी ने इलियास हुसैन के बेटे फिरोज हुसैन को उप-चुनाव में उतारा था, लेकिन सत्यनारायण सिंह ने उन्हें मात दे दी और बीजेपीने डेहरी में पहली बार अपना खाता खोला.

मोहम्मद इलियास पहली बार 1980 में जनता पार्टी (सेक्युलर) से, दूसरी बार 1990 और 1995 में जनता दल, चौथी बार 2000 में राजद से और पांचवी बार फरवरी 2005 में भी राजद से ही जीते थे. हालांकि अक्टूबर 2005 में इस सीट से निर्दलीय उम्मीदवार प्रदीप कुमार जोशी ने बाजी मारी और 2010 में भी निर्दलीय उम्मीदवार ज्योति रश्मि यहां से विधानसभा पहुंचने में सफल रहीं.

जातीय समीकरण

इस सीट पर पासवान, यादव, मुस्लिम, कोइरी निर्णायक भूमिका निभाते हैं. यादव, मुस्लिम का गठजोड़ ही मोहम्मद इलियास को विजयी बनाता रहा है. राजद एक बार फिर से उसी समीकरण को साधने की कोशिश जरूर करेगी. 1967 में यहां सबसे ज्यादा 70.01% वोटिंग हुई थी. अब तक यहां हर बार पुरुषों का वोट प्रतिशत महिलाओं के मुकाबले ज्यादा रहा है.

कुल वोटरः 2.90 लाख

पुरुष वोटरः 1.52 लाख (52.49%)
महिला वोटरः 1.36 लाख (47.20%)
ट्रांसजेंडर वोटरः 5 (0.002%)