नोखा विधानसभा: यहां देखें प्रत्याशी, वोटर्स, जातिगत आंकड़े और इस सीट का पूरा डेटा

Nokha Vidhan Sabha constituency: साल 2000 से ही बीजेपी (BJP) का गढ़ रही बिहार की नोखा विधानसभा सीट 2015 में आरजेडी के पाले में चली गई थी.

नोखा विधानसभा: यहां देखें प्रत्याशी, वोटर्स, जातिगत आंकड़े और इस सीट का पूरा डेटा.

बिहार विधानसभा चुनाव का बिगुल बज चुका है और पहले चरण की 71 सीटों के लिए उम्मीदवार मैदान में हैं. नोखा विधानसभा सीट पर सीधी टक्कर जेडीयू (JDU) और आरजेडी (RJD) के बीच है. एनडीए की ओर से जेडीयू ने नोखा विधानसभा सीट से नागेंद्र चंद्रवंशी को अपना प्रत्याशी बनाया हुआ है, जबकि महागठबंधन की ओर से आरजेडी ने अनीता देवी पर दांव खेला है. अनीता देवी वर्तमान में इस सीट से विधायक हैं.

सीट का इतिहास

साल 2000 से ही बीजेपी का गढ़ रही बिहार की नोखा विधानसभा सीट 2015 में आरजेडी के पाले में चली गई. रोहतास जिले के तहत आने वाली इस सीट पर पहली बार साल 1951 में विधानसभा के चुनाव हुए थे और कांग्रेस की टिकट पर रघुनाथ प्रसाद साह यहां से पहले विधायक बने थे. इस विधानसभा सीट पर 1967 तक कांग्रेस लगातार जीत का पताका लहराती रही.

इसके बाद नोखा के बदलते समीकरणों के साथ बीजेपी के रामेश्वर प्रसाद यहां से चार बार विधानसभा पहुंचे. रामेश्वर प्रसाद साल 2000 से लेकर 2015 तक लगातार नोखा के विधायक रहे. 2015 के विधानसभा चुनाव में नोखा के वोटरों ने राजद की अनीता देवी को अपना विधायक चुन लिया. इस सीट पर अब तक कुल 16 चुनाव हुए हैं. इनमें 5 बार कांग्रेस, चार बार भाजपा, दो-दो बार जनता दल और जनता पार्टी. वहीं, एक-एक बार राजद, जनता पार्टी (सेक्युलर) और कांग्रेस (ओ) के खाते में भी यह सीट गई है. जेडीयू यहां से अभी तक एक बार भी नहीं जीती है.

जातीय समीकरण
नोखा विधानसभा सीट पर यादव, कोइरी, राजपूत, ब्राह्मण, मुस्लिम और पासवान मतदाता अहम भूमिका में हैं. इस सीट पर पार्टी से अधिक उम्मीदवार का चेहरा मायने रखता है. साल 1980 में इस सीट पर सबसे ज्यादा 67.73% वोटिंग हुई थी. तब 76.6% पुरुषों और 57.7% महिलाओं ने वोट डाला था.

कुल वोटरः 2.88 लाख

पुरुष वोटरः 1.49 लाख (52.03%)
महिला वोटरः 1.37 लाख (47.62%)
ट्रांसजेंडर वोटरः 12 (0.004%)

Related Posts